How Bollywood is Turning Indian Women into Toxic Feminists?
Author Name:Nikita Thakur
Youtube Channel Url:https://www.youtube.com/@nikitaksthakur
Youtube Video URL:https://www.youtube.com/watch?v=C_9Q1ocl_O4
Transcript:
(00:00) बॉलीवुड फिल्में इंडियन लड़कियों को टॉक्सिक फेमिनिस्ट बना रही है यह है अंकिता एक 21 साल की लड़की जो शुगर बेबी है एक 49 साल के आदमी निखिल की जब उससे सवाल पूछा गया कि वह इतने बड़े आदमी के साथ रिलेशनशिप में क्यों आई उसका कहना था मैं काफी हेल्पलेस थी अकेली पड़ गई थी और मेरे पास जॉब भी नहीं था यानी कि सिर्फ पैसों के लिए मेरी फैमिली की खुशी के लिए मेरा खुश रहना जरूरी है यह जवाब था गुरुक राम के मैरिड औरत का जब उसके हुकअप पार्टनर ने उससे पूछा कि तुम शादीशुदा होते हुए भी मेरे साथ हुकअप क्यों कर रही हो अपने हस्बैंड को चीट क्यों कर रही हो
(00:39) हैविंग सेक्स विद मल्टीपल पार्टनर्स हैविंग सेक्स आउटसाइड ऑफ द मैरिज हैविंग अ शुगर डैडी जो तुम्हारे सारे अयाश के पैसे भरे ये सब कुछ इंडिया में काफी ज्यादा कॉमन होते जा र है एंड द स्टैट्स आर वेरी कंसर्निंग टाइम्स ऑफ इंडिया में पब्लिश्ड एक रिपोर्ट के अनुसार 40 पर इंडियन वाइफ्स अपने हस्बैंड के अलावा बाकी मेन के साथ रेगुलर सेक्सुअल इंटरकोर्स करती है और एक दूसरे सर्वे से यह पता चला कि हर 10 में से सात मैरिड औरतें अपने हस्बैंड को बस इसीलिए चीट करती है क्योंकि वह घर के कामों में उनकी मदद नहीं करते नाउ हु इज टू ब्लेम वेल हम चाहे या ना चाहे बॉलीवुड
(01:15) इंडियन गर्ल्स का ब्रेन वॉश कर रही है क्योंकि बॉलीवुड जिस तरीके से अपने मूवीज में एक स्ट्रांग इंडिपेंडेंट वुमन दिखा रही है उसमें काफी मेजर फ्लज है कितने वर्ष के थे जब आपने अपनी वर्जिनिटी से मुक्ति प्राप्त की आई वाज जस्ट 60 वन आई वाज 20 मैं जब 19 साल की थी नोबडी स्टेज वर्जिन एट दिस एज रुकल नोबडी स्टेज वर्जिन फॉर दिस लॉन्ग 2022 में रिलीज हुई मूवी वर्जिन भानुप्रिया में सिर्फ और सिर्फ एक ही मैसेज है कि यंग गर्ल्स को अपना वर्जिनिटी जितना जल्दी हो सके लूज कर लेना चाहिए भले ही फोर्सफुली क्यों ना करना पड़े नहीं मैं मजाक नहीं कर रही हूं इसमें
(01:51) लिटरली एक सीन है जिसमें एक्ट्रेस मेड लीड को सेक्स करने के लिए फोर्स कर रही है सेइंग अभी नहीं तो कभी नहीं होगा अभी नहीं तो कभी नहीं अभी नहीं तो कभ क्या कर रही है आप अभी रिसेंटली रिलीज हुई थैंक यू फॉर कमिंग मूवी भी देख लो पूरी मूवी इस पे बेस्ड है कि भूमि के कैरेक्टर को ऑर्गेज्म फील करना होता है जो वो फाइनली कर भी लेती है लेकिन जब उसके फ्रेंड्स उसको पूछते हैं कि वो लड़का कौन था तब वो ये बोलती है आईम नट ो गाइ चिपकी तो ये प्रोफेसर के साथ भी थी राहुल के साथ भी थी और वो रबड़ी वाले के साथ भी थी नाउ डोंट गेट मी रंग एक
(02:22) लड़की डेफिनेटली ऑर्गेज्म डिजर्व करती है और ये मैसेज इस मूवी में जो कम्युनिकेट किया गया है उसमें कोई प्रॉब्लम नहीं है लेकिन ऑर्गेज्म चाहिए तो रैंप लिए डिफरेंट डिफरेंट पार्टनर्स के साथ सेक्स करो ये मैसेज किस हद तक सही है एंड हैविंग सेक्स लेफ्ट राइट एंड सेंटर को इतना ज्यादा ग्लोरिफाई क्यों किया जा रहा है इन दोनों भी मूवीज में अगर आप देखोगे तो फीमेल लीड को एक स्ट्रांग इंडिपेंडेंट वुमेन एक ट्रू सिंबल ऑफ फेमिनिज्म बताया जा रहा है थैंक यू फॉर कमिंग का तो पूरा मार्केटिंग ही फेमिनिज्म छोड़ दो स्मैशिंग पेट्रिया की के अराउंड बेस था बेस्ट वे टू स्मैश
(02:52) पेट्रिया कीी इज टू अचीव समथिंग मतलब मूवी में क्या बताया जा रहा है और स्मैशिंग पेटि आर् की इसके बीच में मेरे हिसाब से कोई रिलेशन नहीं है व्हाट डू यू थिंक अबाउट दिस कमेंट करके जरूर बताना आल्सो 2016 की हिट मूवी डियर जिंदगी भी काफी सेलिब्रेट की गई थी फॉर इट्स मैसेज ऑन मेंटल हेल्थ लेकिन उसमें भी एक काफी टॉक्सिक बिहेवियर था जिसे मेरे हिसाब से ज्यादा लोगों ने नोटिस भी नहीं किया मूवी में आलिया का कैरेक्टर कायरा अपने चाइल्डहुड लव सिड को चीट करती है हे आई स्लेप्ट विद रघुवेंद्र और रघुवेंद्र नाम के फिल्म मेकर के साथ हुकअप करके उससे
(03:25) अटैच हो जाती है लेकिन फिर रघुवेंद्र जब उस परे चीट करके किसी और से श कर लेता है किसकी मंगनी हो गई रघुवेंद्र की कब पिछले हफ्ते तब ऐसा बताया गया है मूवी में कि कायरा ट्रामा में चली जाती है और फिर पूरी मूवी उसी के बारे में है कि वो अपने ट्रामा से कैसे हील करती है सो बेसिकली कायरा को विक्टिम बताया गया है जबक चीटिंग तो कायरा ने भी सिट के साथ की पर पूरी मूवी में उस पर इतना हाईलाइट नहीं किया गया क्या इसका मतलब ऐसा है कि लड़की के साथ हुआ तो इट्स कंपलीटली रंग पर वही किसी मेल के साथ हुआ तो सब कुछ ओके है एक और एग्जांपल लेते हैं लेकिन उसके पहले डोंट
(03:58) यू थिंक वुमेन का ऐसा सोक कॉल्ड बोल्ड पोट्रेयर वुमन सेफ्टी पॉइंट ऑफ व्यू से भी काफी डेंजरस हो सकता है स्पेशली साइबर क्राइम एंड कॉल फ्रॉड के लिए जिसके प्राइम टारगेट्स काफी बार औरतें होती है इसीलिए अभी एक्सट्रीमली इंपॉर्टेंट है कि इंडियंस जितना हो सके स्पैम और अनवांटेड कॉल्स अवॉइड करें लेकिन वी ऑल नो इन्हें अवॉइड करना मुश्किल ही नहीं ऑलमोस्ट नामुमकिन होता है बट डोंट वरी गेट कांटेक्ट लाया है इस प्रॉब्लम के लिए काफी यूनिक सॉल्यूशन ये ऐप का सबसे इंटरेस्टिंग फीचर है कि इसमें आप देख सकते हो कि लोगों ने आपका नंबर अपने फोन बुक में किस नाम से सेव
(04:31) किया हुआ है व्हिच इज द मोस्ट फन जैसे मेरा आप देख सकते हो कितने वियर्ड नेम से सेव किया है निकिता किड़ो सीएसटी बैक ऑफिस गेट सेट जॉब्स इतने फनी नेम्स क्यों यार मेरा नाम निकिता ठाकुर है बट ऑन अ सीरियस नोट यह स्पैम कॉल्स को भी ब्लॉक कर सकता है और आपके कॉल आंसर करने से पहले ही कॉल आइडेंटिफिकेशन एक और काफी कंट्रोवर्शियल वेब सीरीज का एग्जांपल लेते हैं मेड इन हेवन में लीड एक्ट्रेस तारा अपने ऑलरेडी एंगेज बॉस को सेड्यूस करती है और उस एक्ट को रिकॉर्ड करके वो बॉस को अपनी शादी तोड़ के उससे शादी करने के लिए मजबूर करती है लेकिन फिर
(05:13) उसका हस्बैंड उसपे चीट करता है एंड कुछ टाइम बाद वो डिवोर्स फाइल करके एक दूसरे लड़के के साथ रिलेशनशिप में आती है बट इस नए लड़के के साथ रिलेशन में होने के बावजूद वह अपने एक्स हस्बैंड के साथ फिजिकल होती है ताकि उसे उसका एक बंगलो एलुमनी में मिल जाए और यह सब होने के बाद जब उसका करंट पार्टनर उससे जवाब मांगता है तब वो कहती है डोंट एवर थिंक यू कैन टेक दैट डिसीजन फॉर मी प्लीज डोंट थिंक यू कैन एवर मेक दैट डिसीजन फॉर मी मतलब ये कैसा फेमिनिज्म है अपने पार्टनर के लिए लाइफ कंट्रोल करना ये बेशक गलत है पर पार्टनर की गलती करने पर उससे एक सवाल पूछना ये तो
(05:45) हर किसी का राइट है इसमें कंट्रोल कहां से आता है और एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर और चीटिंग को तो कितना कैजुअली दिखाया जाता है इसी साल रिलीज हुई वेब सीरीज जी कर्दा में दिखाया है कि एक्ट्रेस अपने एक वेडिंग फंक्शन के दौरान ही उसके हस्बैंड के बेस्ट फ्रेंड के साथ फिजिकल हो जाती है सेम लाइंस पे ही लिपस्टिक अंडर में बुर्खा की एक फीमेल लीड भी अपने ही एंगेजमेंट के दौरान एक्स बॉयफ्रेंड के साथ फिजिकल हो जाती है फिर फोर मोर शॉट्स में दामिनी का कैरेक्टर जो अपने अबॉर्शन के बाद अपने बॉयफ्रेंड को फिजिकल होने के लिए मना करती है बिकॉज़ शी इज नॉट रेडी लेकिन फिर वही
(06:13) दामिनी अपने उसी बॉयफ्रेंड पे चीट करती है और किसी और के साथ फिजिकल हो जाती है एंड सबसे वियर्ड बात जब वो उसका बॉयफ्रेंड उससे पूछता है कि तमने मुझ पे चीट क्यों किया तो वो लड़की उसी पे चिल्लाने लग जाती है कि तुम कितने जजमेंटल हो मुझे जज क्यों कर रहे हो भाई साहब चल क्या रहा है एंड सबसे कंसर्निंग बात ये है ना कि इन तीनों भी कैरेक्टर्स को उनके इस टॉक्सिक बिहेवियर का बिल्कुल भी अफसोस करते हुए नहीं दिखाया गया है मतलब बेसिकली मूवीज के हिसाब से एक लड़की अपने फिजिकल नीड्स को सेटिस्फाई करने के लिए किसी भी एक्सटेंट तक जा सकती है भले ही उसके लिए उसे अपने
(06:40) बॉयफ्रेंड या फिर हस्बैंड को चीट क्यों ना करना पड़े और 10 रैंडम लोगों के साथ क्यों ना रहना पड़े एंड देन दैट बिहेवियर इज शोन एज द पोस्टर कवर ऑफ फेमिनिज्म बट इज दिस रियली फेमिनिज्म दिस इज टॉक्सिक फेमिनिज्म टॉक्सिन है जो मेरे हिसाब से जेंडर न्यूट्रल है लड़का भी टॉक्सिक हो सकता है और लड़की भी हो सकती है मतलब चलो आप इसी जगह पे एक लड़के को रख के देखो अगर एक लड़का माइंडसूत्र स्टेज पर चिल्लाती है कि नहीं
(07:31) बच्चे ऐसे नहीं पैदा होते बच्चे तो सेक्स करके पैदा होते हैं ऐसे नहीं होते बेबीज पहले बॉयज गर्ल्स ना सेक्स करते हैं फिर मूवी के एंड में भूमि बच्चों के स्कूल में जाकर स्टेज में एक बहुत ही बकवास सा स्पीच देती है जिसका बेसिक मीनिंग होता है स्मैश पेट्रिया की पेट्रिया की स्मश पेट्रिया की स्मैश पेट्रिया कीी लेकिन भूमि के इसी स्मैश पेट्रिया कीी के बकवास स्पीच से मोटिवेट होकर ऑडियंस से एक छोटी बच्ची उठके बोलती है नहीं पहननी मुझे ब्रा एक दूसरी बच्ची उठके बोलती है नहीं करना मुझे पैरी पोना दूसरा एक लड़का उठके बोलता है नहीं पढ़ना
(08:07) मुझे मैथ्स नहीं पली ब्रा मुझे नहीं करना पैरी बना मुझे क्या नॉनसेंस है आप मुझे बताओ अगर ये मूवी एक कोई 12 15 साल की बच्ची देखती है बच्चा भी देखता है उसके दिमाग में क्या चल रहा है कि अगर उसे एक एजुकेटेड मॉडर्न वुमन बनना है तो ऐसे करो ब्रा पहनना और पैरी पोना करना छोड़ दो जो कि ट्रेडिशनल चीज है उसमें पेटि आर्की कहां से आती है एंड याद रख रखना आप चाहो या ना चाहो यही बॉलीवुड फिल्में में आपके सोच को कंट्रोल कर रही है हाल ही में एक प्रॉमिनेंट थिंक टैंक ऑक्सम इंडिया ने बॉलीवुड की 2009 से 2018 तक की मूवीज को स्टडी किया इन मूवीज में थ्री इडियट्स
(08:44) दबंग टू स्टूडेंट ऑफ द ईयर धूम 3 चेन्नई एक्सप्रेस ऐसी कुछ प्रॉमिनेंट फिल्म्स थी जिस सर्वे में यह मालूम पड़ा कि बॉलीवुड की 88 पर मूवीज में वुमेन को बहुत ज्यादा नाइव यानी कि भोली फ्रेजा इल और अनरीजनेबल यानी कि बेवकूफ बताया जाता है इसके साथ ही इन मूवीज में वुमेन को उसके क्लोजिंग्स और एक्शन से काफी ज्यादा सेक्सुअली रिवीलिंग भी बताया जाता है अब इसके बाद वुमेन के ऐसे पिक्चराइजेशन से बॉलीवुड में जो सोसाइटी पे इंपैक्ट क्या होता है उसे जानने के लिए ऑक्सफैम ने बिहार झारखंड उड़ीसा छत्तीसगढ़ और उत्तर प्रदेश की मोस्टली रूरल एरियाज में सर्वे किया तब
(09:19) उन्हें काफी शॉकिंग रेवलेशंस मिले उन्हें पता चला कि 70 पर लोगों ने एक्सेप्ट किया कि औरतों को जिस तरीके से बॉलीवुड में दिखाया जाता है औरतें रियल लाइफ में भी से ही होती है मतलब वो यह मानते हैं कि जैसे पिक्चरों में दिखाया जाता है कि लड़कियां नाइफ फ्रेजइक्सप्रेस वाकई में होता है इनफैक्ट रूरल लड़कियां तो खुद ऐसे वुमेन के पोट्रेयर को अप्रिशिएट भी करती थी दैट इज हाउ स्ट्रांग दिस मूवीज कैन फॉर्म योर पर्सपेक्टिव फेमिनिज्म छोड़ो मीडिया और मूवीज का ये इंपैक्ट अब एकदम बेसिक से बेसिक चीज है जैसे कि स्किन कलर फिगर इन सब में भी देख
(09:54) सकते हो इंडिया में अनगिनत ऐसे ऐड्स बने हैं जहां पर एक गोरी लड़की को सक्सेसफुल एंड मोर डिजायरेबल और एक सावली लड़की को अनसक्सेसफुल बताया जाता है मुझे बताओ क्या इसके बाद से इंडिया में यही सेम माइंडसेट नहीं फैल गया था सेम हुआ जीरो फिगर के मामले में भी 2008 में टशन मूवी के लिए करीना कपूर ने इस ट्रेंड को शुरू किया जिसके बाद से एक माइंडसेट बन गया कि सिर्फ वो लड़कियां जिनका जीरो फिगर होता है वही ज्यादा डिजायरेबल होती है अब ऐसे में जब बॉलीवुड का इतना स्ट्रांग इन्फ्लुएंस है इंडिया की जनता पर ऐसे में अगर बॉलीवुड फेमिनिज्म के नाम पर हैविंग सेक्स विद
(10:25) मल्टीपल पार्टनर्स एक्स्ट्रा मैटल अफेयर्स गोल्ड डिंग इस सब को नॉर्मलाइज करेगा तो उसका इंपैक्ट सोसाइटी पे कितना सीवियर होगा होगा क्या हो रहा है आप रिसेंटली फेमस हुए कुछ फेमिनिस्ट मूवमेंट्स ले लो फ्री द निपल्स या बर्न द ब्रा मूवमेंट जब ये मूवमेंट फेमस हुआ था कई आम लोग भी और सेलिब्रिटीज भी इस मूवमेंट को फॉलो करने लग गए थे सो यस आई एम अ बर्न द ब्रा काइंड ऑफ फेमिनिस्ट आई एम अ फेमिनिस्ट यू नो ऑनेस्टली स्पीकिंग आई कुड बर्न माय ब्रा एनी सेकंड जैसे कि दीपिका मल्होत्रा जो बर्न द ब्रा मूवमेंट को सपोर्ट करने के लिए तीन दिनों तक लगातार बिना ब्रा पहने
(10:55) ऑफिस जा रही थी फिर सुनाली चोपड़ा जो पहली फीमेल सेलेब्रिटी थी जिन्होंने बर्न द ब्राव मूवमेंट को लेकर टा पे फर्स्ट पोस्ट किया था और इसके अलावा मिट जाए हम सॉन्ग की सिंगर अनुष्का मंचना ने तो अपनी न्यूड पिक्स ही पोस्ट कर दी थी और निपल फ्री रहने को खुद का फंडामेंटल राइट बताया था पर मेरे एक सिंपल से क्वेश्चन का जवाब दो इनके ब्रा लेस होने से इन्हें इक्वलिटी कैसे मिल रही है इट लिटरली मेक्स जीरो सेंस एंड दिस इज बिकॉज बर्न द ब्रा मूवमेंट जैसे आपके सामने रखा गया है वो गलत है इसका असली नाम बल्कि था फ्रीडम ट्रैश कैन मूवमेंट और उसके पीछे का रीजन
(11:27) भी कंप्लीट डिफरेंट था एक्चुअली 1950 के दौरान तक यूएस में वुमेन को स्कूल कॉलेजेस में एडमिशन नहीं मिलता था वो खुद का घर भी नहीं खरीद सकती थी और फीमेल होने की वजह से उन्हें जॉब्स तक नहीं मिलता था और गलती से मिल भी जाए तो जब वो प्रेग्नेंट हो जाती थी उसे फायर कर दिया जाता था तो ऐसे ये कॉज के लिए कुछ 100 औरतों ने उस टाइम मिस अमेरिका पेजेंट का विरोध करने के लिए फ्रीडम ट्रैश कन नाम का एक प्रोटेस्ट शुरू कर दिया इसमें उन औरतों ने खुद के मॉप्स लिपस्टिक्का थी जो यूजुअली वुमेन को स्टीरियोटाइप करती थी फिर उन्हीं 100 औरतों में से एक औरत ने अपना खुद का बराव
(11:58) उतार कर उस ट्रैश न में डाल दिया और तब से कुछ लोगों ने इसे बर्न द ब्रा मूवमेंट बुलाना शुरू कर दिया इसका लिटरल मीनिंग ये नहीं था कि लड़कियों को ब्रा नहीं पहनना है क्योंकि लड़के भी तो नहीं पहनते दिस लिटरली मेक्स जरो सेंस एंड जितने जल्दी आप ये समझो उतने ही जल्दी आप अपने फ्रेंड्स को अपने फैमिली को अपने आप को बॉलीवुड के इस फ्लड कांसेप्ट ऑफ फेमिनिज्म से दूर रख पाओगे एंड ऑफकोर्स जैसे हर चीज के दो पहलू होते हैं बॉलीवुड ने ऐसी भी कई सारी कहानियां बनाई है जिसमें ट्रू फेमिनिज्म दिखाया है इंग्लिश विंग्लिश चक दे इंडिया पिंक पपड़ क्वीन ये मेरे कुछ फेवरेट मूवीज
(12:31) थे जिनके फीमेल लीड्स काफी ज्यादा इंस्पायरिंग थे और एक सही मैसेज लोगों को दे रहे थे इन मूवीज में जिस तरीके से औरतों को एंपावर होते हुए बताया है वो मेरे हिसाब से एक ट्रू आइडिया ऑफ फेमिनिज्म है आपका इसके बारे में क्या ख्याल है क्या बॉलीवुड के कई सारे फिल्में आउट एंड आउट टॉक्सिक फेमिनिज्म प्रमोट करती है एंड आपको पर्सनली कौन सी मूवीज कौन सा सीन या कौन सा डायलॉग पर्सनली गलत लगता है नीचे कमेंट करके जरूर बताना आल्सो सिंस वी आर स्पीकिंग अबाउट बॉलीवुड मेरे क्वेश्चन का जरा जवाब देना राख सावंत उर्फी जावेद और अभी का लेटेस्ट ओरी इनका
(13:02) काम क्या है इनकी लेटेस्ट मूवी या सॉन्ग कब रिलीज हुआ था नहीं पता ना मुझे भी नहीं लेकिन आप अभी अपना instagram2 वीडियोस आ जाएंगे कैसे इंडिया का फेक पाप आजी कल्चर सीधे शब्दों में बोलूं तो इनके पिक्चर्स आपके फोन में इसीलिए आते हैं क्योंकि कई सारे सेलिब्रिटीज अपनी एक पिक्चर खिंचवाने के लिए ₹5000000 तक देते हैं यस पाप राजी की एक पूरी इंडस्ट्री है जिसमें यह काम कैसे करते हैं कितने पैसे बनाते हैं बेसिकली ये पूरी इंडस्ट्री कैसे काम करती है बहुत ही इंटरेस्टिंग है इस पर हमने डिटेल वीडियो बना रखा है अगर आप वो देखना चाहते हो तो
(13:35) आप यहां पे लेफ्ट पे क्लिक करके उसे देख सकते हो और हां जाने से पहले गेट कांटेक्ट एप्लीकेशन को डाउनलोड करना मत भूलना ये जानने के लिए कि लोगों ने आपका नंबर अपनी फोन बुक में किस नाम से सेव किया है सो डिस्क्रिप्शन में दिए गए लिंक से गेट कांटेक्ट प को डाउनलोड कर लेना एंड प्लीज लोगों को बॉलीवुड के इस टॉक्सिक फेमिनिज्म से अवेयर करवाने के लिए इस वीडियो को जितना हो सके अपने फ्रेंड्स और फैमिली में शेयर करना ताकि वो भी समझे कि बॉलीवुड उनके माइंड के साथ कैसे खेल रहा है मिलते हैं अगले वीडियो में तब तक के लिए जय हिंद
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