Top Scientist on Sex, Low Testosterone, Masturbation, Supplements & Scams | Anant Agarwal | ST 193
Author Name:Supertalks by themovingship
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Transcript:
(00:00) सेक्स रिलेटेड प्रॉब्लम्स इंडिया में कितनी बढ़ रही है? बहुत सारे डॉक्टर्स बोलते हैं वन इन 10, 2 इन 10, आई वुड से दैट फोर ऑफ़ फाइव ऑन 10। कौन सी चीज है जिसमें इंडियन मेन को ज्यादा प्रॉब्लम आ रही है? लो टेस्टोस्टर। सेक्स हैज़ बिकम लेस इंपोर्टेंट टुडे एंड द टेक्नोलॉजी दैट वी हैव। लो टेस्ट रेस्टोरेंट के लिए क्या चीज है जो बिल्कुल गलत है। सबसे ज्यादा एक जो मार्केटेड प्रोडक्ट है वो शीलाजीत है। एब्सोल्यूट रबिश प्रोडक्ट। ये अश्वगंधा वाइगरा ले लेते हो तो परफॉर्मेंस बढ़ जाएगी। अश्वगंधा एंड टोंगरली कभी भी ईडी में काम नहीं कर सकता।
(00:29) इनफैक्ट अश्वगंधा इज वेरी टॉक्सिक फॉर लिवर। क्या टेस्टोस्टरॉन को नेचुरली बढ़ाया जा सकता है? आपका टेस्टोस्टरॉन टुवर्ड्स द लोअर एंड ऑफ़ 300 है। फॉर अ 60 ईयर ओल्ड पर्सन दैट माइट बी एक्सेप्टेबल बट फॉर अ 25 ईयर ओल्ड दैट इज नॉट एक्सेप्ट। तो इफ समवन सेड कि मेरा टेस्टोस्टरॉन कम है। मैं उसको पहले ये पांच इन्ग्रेडिएंट्स दूंगा। विटामिन डी3 एंड बी12 एंड डी थ्री के संग डोपामिन एंड टेस्टोस्टरॉन डायरेक्टली लिंक्ड है। बी कॉम्प्लेक्स से आपका गट सिस्टम बेटर होगा। पास जितना गट सिस्टम बेटर होगा उतना ब्रेन स्टेम अच्छा डोपामिन एंड लो स्ट्रेस लेवल्स करेगा।
(00:59) ये क्या-क्या फैक्टर्स है जो कि स्पर्म क्वालिटी खराब करते हैं। देयर इज आल्सो समथिंग कॉल्ड अ विस््की डिक। इन एक्चुअल मेडिकल टर्म पीपल हु ड्रिंक अ लॉट ऑफ़ विस्की फॉर अ लॉन्ग टाइम। उनका पीनस साइज है वो छोटा हो जाता है। [संगीत] सौरभ, नो फैब करने से टेस्टोस्टरॉन बढ़ता है या नहीं? मोस्ट वुमेन डोंट इवन ऑर्गेनिज्म विद पेनिट्रेशन। [संगीत] डराने के लिए नहीं बल्कि अवेयर करने के लिए बता रहा हूं। रिपोर्ट्स के हिसाब से इंडिया पूरी दुनिया काेंस कैपिटल बन चुका है। 10 में से एक इंडियन मैनेंट है। नपुंसक इरेक्शन नहीं हो रही है। अब बुजुर्गों की बात नहीं है। 100 में से 25
(01:41) इरेक्टाइल डिस्फंक्शन के जो पेशेंट्स हैं भारत में 30 साल से कम उम्र के हैं। स्पर्म मोटिलिटी 40% गिर चुकी है। आसपास पूछिए जरा। बच्चे नहीं हो रहे। 50% कपल्स ने बताया कि इनफर्टिलिटी की वजह लड़कियां नहीं बल्कि लड़के थे। अब हम तो लड़के हैं। डॉक्टर्स के पास तो कभी गए नहीं। इसीलिए आज का पडकास्ट लेकर आए हैं। प्रेजेंटिंग आनंद अग्रवाल। आनंद एक क्लीनिकल रिसर्च साइंटिस्ट हैं एंड एन हेल्थ कंसलटेंट। यूके से अपनी मास्टर्स करके आए और पिछले 15 सालों से अपनी लैब में क्लीनिकली टेस्ट कर रहे हैं। और आज वो सेक्स के बारे में स्पेशली मेल सेंट्रिक जो सेक्स प्रॉब्लम्स
(02:15) है उसको इन डेप्थ समझाने वाले हैं। लो टेस्टोस्टरॉन के बारे में आप मैं कहूंगा कि पूरे इंटरनेट पे टेस्टोस्टरॉन के ऊपर इतनी इन डेप्थ इनफेशन कहीं नहीं होगी। इरेक्टाइल डिफंक्शन मास्टरबेशन अगर आप आज सेफ हैं मैं बता सकता हूं फ्यूचर में प्रॉब्लम आ रही है। अगर सेक्स रिलेटेड कोई भी प्रॉब्लम है। दिस इज वन एपिसोड ऑल फॉर यू टू अंडरस्टैंड एवरीथिंग इन डिटेल। इसके बाद मैं ये कह सकता हूं आप अपनी बॉडी को इतना अच्छा समझ जाओगे कि शायद किसी डॉक्टर के पास भी ना जाना पड़े। बहुत मेहनत करते हैं यार ऐसा एपिसोड लाने के लिए। चैनल को सब्सक्राइब जरूर करें
(02:49) क्योंकि सुपर डॉक सिर्फ एक पॉडकास्ट चैनल नहीं है। पिछले 10 सालों से 200 से ज्यादा अंडर प्रवे बच्चों को हम फ्री ऑफ कॉस्ट एजुकेशन अपने एंजॉय द्वारा दे रहे हैं। जब भी यार हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर रहे हो ना सिर्फ ऐसे ही नॉलेजेबल कॉन्वर्सेशन का पार्ट नहीं बन रहे बल्कि अपने देश को आगे बढ़ने के लिए भी कंट्रीब्यूट कर रहे हैं। सब्सक्राइब कर लो। एंजॉय द शो। अगर मैं आपसे पूछूं कि [नाक से की जाने वाली आवाज़] सेक्स रिलेटेड प्रॉब्लम्स इंडिया में कितनी बढ़ रही है? आई थिंक मेरे लिए सबसे सरप्राइजिंग है कि यंग पेशेंट्स में कितना बढ़ रहा है। मतलब
(03:16) अगर आप देखोगे तो 25 ईयर ओल्ड्स, 24 ईयर ओल्ड्स, 30 ईयर ओल्ड्स में जो सेक्स प्रॉब्लम्स जितना बढ़ रहा है मतलब बहुत सारे डॉक्टर्स बोलते हैं वन इन 10, टू इन 10 आई वुड से दैट फोर और फाइव ऑन 10 मतलब टू बी ऑनेस्ट हो सकता है मेरा इकोसिस्टम अलग हो। मैं जिन पेशेंट्स को देखता हूं या जो मेरे पास आते हैं हम लोग के इकोसिस्टम में वो हो सकता है प्रॉब्लम्स के साथ आते हो तो इसलिए मेरे को ऐसा अभी तक का सबसे एक्सट्रीम सेक्स का कौन सा आपका रिलेटेड एक कोई प्रॉब्लम या केस आपने अभी देखा है अभी तक एक्सट्रीम के हिसाब से मैं बोलूंगा कि मतलब अ वन पेशेंट हु इज 24 इयर्स ओल्ड बट
(03:50) उनके फैमिली मेंबर्स उनको बहुत मारते पीटते थे बचपन से नो मेडिकल प्रॉब्लम नो प्रॉब्लम्स हॉर्मोंस में नथिंग नो प्रॉब्लम्स बट अनेबल टू हैव सेक्स व्हाई? आई आई बिकॉज़ अ लार्ज पार्ट ऑफ जो ईडी प्रॉब्लम्स होते हैं मतलब कि जो सबसे मेजर रीज़ होता है मतलब सेक्सुअल डिस्फंक्शन का, मेन में इडी प्रॉब्लम्स का वो आपका साइकोसोमेटिक होता है। आपका साइकोलॉजिकल प्रॉब्लम्स होता है। तो ही हैड बीन सो अब्यूज्ड हिज़ एंटायर लाइफ दैट प्रॉपर इरेक्शन प्रॉब्लम्स जस्ट बिकॉज़ ही वाज़ अब्यूज्ड। मतलब नो पर्टिकुलर रीज़न। कोई हार्मोनल प्रॉब्लम नहीं है, कोई हार्ट
(04:28) प्रॉब्लम नहीं है, कोई बॉडी में इशू नहीं है। सारे हॉर्मोन सब बैलेंस में हैं। गुड मसल मास, स्पोर्ट्स पर्सन। मतलब अच्छा स्पोर्ट्स स्पोर्ट्स खेलता है, क्रिकेट खेलता है, बैडमिंटन खेलता है। तो है सब हेल्दी? सब हेल्दी। बट सेक्स में प्रॉब्लम है। बट सेक्स में प्रॉब्लम है। जस्ट बिकॉज़ ऑफ़ मेंटल अबज। तो मेंटली आप परेशान हैं। इसकी वजह से आप सेक्स नहीं कर पा रहे। बिल्कुल। आप इरेक्शन नहीं हो रहा है। इज़ लाइक दैट। इरेक्शन नहीं हो रहा है। मतलब आप सोचिए डिजायर भी बंद हो जाता है ना एक तरह से इफ यू अब्यूज्ड। हम आप लेट्स डू अ एग्जांपल राइट नाउ अगर आप
(04:59) स्ट्रेस्ड हो राइट आप बहुत जल्दी-जल्दी सांस लोगे हम इफ यू आर स्ट्रेस्ड यू विल कीप ब्रीथिंग [हांफने की आवाज़] बार-बार आप सांस लेते रहोगे अगर [गला साफ़ करने की आवाज़] आप इतना जल्दी ब्रीथ एंड ब्रीथ आउट करोगे तो आपका बॉडी फिजियोलॉजिकली भी तो चेंज होगा ही हम आप अगर स्ट्रेस्ड हो तो आप कुछ भी नहीं करना चाहोगे आप इमेजिन करिए कि अगर स्ट्रेस हैज़ बिकम अ पार्ट ऑफ योर लाइफ हम एवरीडे डे डे एंड डे आउट आपका डिजायर खत्म हो जाता है यू यू योर ओनली लीन डिज़ायर बिकम्स टू सर्वाइव एंड गो थ्रू लाइफ। आप कोई भी चीज नहीं करना चाहोगे। इतना ज्यादा सप्रेशन हो जाता
(05:34) है माइंड का। ऐसी सिचुएशन में अगर लोग कहते हैं ना कि अश्वगंधा कंज्यूम कर लो तो आप कि सेक्स बेटर हो जाएगा या अगर आप वाइगरा ले लेते हो तो परफॉर्मेंस बढ़ जाएगी। सो आपकी जो क्लीनिकल टेस्टिंग रही है इसमें इसका कैसा परफॉर्मेंस रहा है? मैं अश्वगंधा एंड वाइग्रा को अलग-अलग से बात करूंगा। मैं सबसे पहले ये सब हर्ब बेस्ड सप्लीमेंट्स का बात करूंगा जो अश्वगंधा है या टोंगटली है जो बहुत पॉपुलर हो गया है। मेरे हिसाब से अश्वगंधा एंड टोंगटली कभी भी ईडी में काम नहीं कर सकता। यूजली लोग देते हैं ना इसको। लोग देते हैं डॉक्टर्स देते हैं। एंड बहुत
(06:11) बार फिटनेस ट्रेनर्स भी बोलते हैं बहुत सारे बॉडी बिल्डर्स को कि लेने से टेस्टोस्टरॉन बढ़ जाता है। ये एकदम बकवास है। रियली? इनफैक्ट अश्वगंधा एंड टोंगटली का बहुत सारा क्लीनिकल ट्रायल्स हुआ हुए हुआ है। एंड बहुत लोग उसके इफेक्ट्स के बारे में बात करते हैं। बट अगर आपको जेन्युइन इडी प्रॉब्लम है। अगर आपका जेन्युइन हाइपोगोनाइडल एक्सिस खत्म हो गया है। आप इस तरह से सोचिए ना कि अगर आपको डिप्रेशन है, मैं आपको डिप्रेशन का गोले दे दूं। आपका बाहर का सैडनेस खत्म हो जाएगा। आप खाली अपने नर्व को नम कर लोगे। इन द सेम वे अश्वगंधा से हल्का सा एकद एंजायटी में
(06:43) ड्रॉप आ सकता है या थोड़ा सा नींद दो 5% बेटर हो सकता है। सेम वे टोंगटली इनफैक्ट ये सब चीज ज्यादातर देखा जाता है हेल्दी लोगों पे काम करता है। किसी को अगर अपना सेक्स ऑप्टिमाइज करना है या किसी को अपना अगर विरिलिटी थोड़ा सा बढ़ाना है अपना नर्वस सिस्टम का यू वुड बी सरप्राइज कि बहुत सारे सप्लीमेंट्स हेल्दी लोगों में ज्यादा काम करते हैं एंड अनहेल्दी लोगों में नहीं काम करते हैं। अनहेल्ी लोगों में खाली टिए वन सप्लीमेंट्स ज्यादातर काम करते हैं। जो जिनका ह्यूमन क्लीनिकल ट्रायल्स हो चुका है हम जिसके बारे में हम लोग बाद में बात भी
(07:12) करेंगे बट अगर आप अब आप दवाई के ऊपर आते हैं से वाइग्रा हो गया अभी मॉडर्न जनरेशन में अवानाफिल हो गया या टडालफेल हो गया तो वो जरूर काम करता है बिकॉज़ उसका जो इंटेंशन है वो आपके ब्लड फ्लो को बढ़ाना है आपके पेनस में लेकिन वो एक टेंपरेरी चीज है आपको बहुत इन डेप्थ जाके देखना पड़ेगा कि रूट कॉज क्या है आपकी इडी का क्या साइकोलॉजिकल है क्योंकि बहुत लोगों के साइकोलॉजिकल नहीं होता है बहुत लोगे कि मेंटली दे हैव द डिज़ायर। इफ दे सी समवन दे हैव द डिज़ायर। बट इरेक्शन फर्म नहीं है या इरेक्शन ठीक से नहीं होता है या हो भी जाता है तो जल्दी से वो इरेक्शन डाउन हो
(07:48) जाता है। तो वहां पे आपको थिंग्स लाइक वाइग्रा हो या टडालफिल हो या वानाफिल हो ये सब मेडिसिंस का डिफरेंट फार्मकोलॉजी है जो हेल्प कर सकता है। ओके। सो अभी हम अ ईडी के बारे में हम यह मानते हैं कि अगर एक व्यक्ति को इरेक्शन नहीं हो रहा सो दैट्स वो इंसान ईडी में है तो आप ये बोल रहे हो मोस्टली प्रॉब्लम साइकोलॉजिकल है अगर वो अब्यूज हुआ है। राइट? सो इसको हम आइडली बोलेंगे थेरेपिस्ट के पास जाए। यस थेरेपी इज अ वेरी गुड वे। एटलीस्ट आप बात करना स्टार्ट करते हो। एंड साइकोलॉजिकल मतलब जो अब्यूज है वो एक एक्सट्रीम केस है। नॉर्मल केसेस भी हो सकते हैं। जहां पे
(08:21) सोश मतलब जहां पे आपके फैमिली में वो टैबू सब्जेक्ट रहा हो। जहां पे आपको वुमेन के संग या गर्ल्स के संग वो इकोसिस्टम नहीं रहा हो जहां पे आपको ए्जायटी होता है तो ए्जायटी कुड आल्सो बी एन इशू। सो यस एंग्जायटी को सॉल्व करने के लिए एक थेरेपिस्ट एक बहुत अच्छा ऑप्शन है। राइट? जिसके पास जाना है। और अगर जिसके पास जो जिसके पास डिजायर है और उसके उसको इरेक्शन नहीं आ रही। इरेक्शन रिलेटेड जो प्रॉब्लम है वो हम कैसे क्लीनिकली हमें कैसे समझ आता है? इसको कैसे फिक्स किया जा सकता है? तो आई थिंक जो यूजुअली आप कोई भी अगर डॉक्टर के पास
(08:53) जाएंगे तो जो फर्स्ट लाइन ऑफ थेरेपी कोई भी डॉक्टर रेकमेंड करता है वो टिडेलफिल होता है। वो मतलब टिडेलफिल जो आप नॉर्मली सोचिए अगर मान लीजिए यू हैव अ प्रॉब्लम इन हैविंग सेक्स। राइट? तो आप क्या करोगे? आपको ट्रॉमा हो जाएगा कि मैं नहीं कर पाया। आई एम सेइंग एज दिस नॉर्मल पर्सन। मैं छोड़िए एक बार ए्जायटी एंड अभी उसको एक बार साइड हटाइए। आप और हम लोग का एंजाइटटी हो गया कि वी कुडंट हैव सेक्स। तो क्या हुआ? एक बार हुआ, दो बार हुआ, तीन बार हुआ। इट स्टार्टेड विद परफॉर्मेंस एंजाइटटी जो कोई भी पर्सन को होगा शुरू-शुर में। बट देन इट जस्ट वेंट ऑन।
(09:28) राइट? नाउ हो सकता है डीप रूटेड वे में वहां पे ब्लड फ्लो का इशू हो। बट यू एंड मी डोंट नो दैट। बट हम लोग सेक्स के संग एंजायटी को असोसिएट करने लग जाएंगे। राइट? तो बहुत सारे डॉक्टर्स हैं जो यूजुअली एज अ फर्स्ट लाइन उनको बोलेंगे कि भाई आप एक टडालफेल बोल के एक मेडिसिन आता है जिसका आप 5 एमg डेली बेसिस पे ले लो या एकद महीना ले लो बिकॉज़ वो 5 एमg से आपके रेगुलर ब्लड फ्लो आते रहेगा। तो यूजुअली टेडलेफिल कभी 5 एमg होता है, 10 एमg होता है, 20 एमg होता है। 20 एमg बहुत एक्सट्रीम डोज़ होता है। इट शुड ओनली बी टेकन इफ किसी को बहुत एक्सट्रीम प्रॉब्लम
(10:01) है या दे टेक इट वन और टू आवर्स बिफोर सेक्स अगर मतलब उन लोग को मतलब इफ दे वांट टू बिकॉज़ वो तीन दिन तक काम करता है। हम टडालफेल। तो 5 एमg बहुत मेन को अबव 30 35 जो ये साइकोलॉजिकल ट्रॉमा हो जाता है। नॉट बिकॉज़ दे हैव एन एंजाइटटी इशू। कोई भी रहेगा। सो टेक्निकली वो जो टेडफिल का 5 एमg है इट हेल्प्स यू ऑन अ डेली बेसिस आल्सो। सो बहुत जन बहुत सारे डॉक्टर्स देते हैं। सो दैट वो रिपीटेड ट्रॉमा नहीं रहे। एंड वंस दे स्टार्ट हैविंग सेक्स बहुत लोग उसको छोड़ भी देते हैं। दे डू इट ऑन ऑन एंड ऑफ कभी लेते हैं कभी नहीं लेते। सो बेसिकली इससे टिडेलफिल से हम ये कह रहे
(10:41) हैं ब्लड फ्लो बेटर हो जाता है और जब अह जो ब्लड फ्लो है बेसिकली बिकॉज़ तो इरेक्शन प्रॉब्लम इज़ अब यही कंसीडर कर रहे हैं कि ब्लड फ्लो वहां तक नहीं जा रहा। ब्लड फ्लो वहां तक नहीं जा रहा। अब यहां पे जैसे फॉर एग्जांपल एक डॉक्टर तो आपको डेडलफिल दे दिया बट मेरा थोड़ा सा कॉम्प्रिहेंसिव सशन है। श्योर माय कॉम्प्रिहेंस सशन इज़ कि ठीक है आप टेडलेफिल ले रहे हो। ठीक है? दैट ऑल दैट इज़ हैपनिंग। बट जो मेन रूट कॉज़ है व्हिच इज़ बेसिकली योर डिज़ायर व्हिच इज़ योर मेंटल हेल्थ। उसके बाद आपका ब्लड फ्लो। सेकंड थिंग इज़ कि आपका पेल्विक मसल स्ट्रेंथ। ये
(11:14) चीज को ठीक करने के लिए एंड आपका हॉर्मोन सॉरी सबसेेंट आपका हॉर्मोनस जो टेस्टोस्टरॉन एंड एस्ट्रोजन का बैलेंस है। मेरे लिए वो कॉम्प्रिहेंसिव चीज़ है कि मेरे को चारों चीज को सॉल्व करना है कि यू शुड नॉट रिक्वायर इट एडलेफ। ओके? सो यहां पर अब मुझे डिफरेंस समझ आया कि एक डॉक्टर बोल रहा है एक डॉक्टर ने मेडिसिन दे दी ट्रेडलफिल। बट आप ये कह रहे हैं कि मैं यह चाहूंगा कि आप उसको आपको उस मेडिसिन की जरूरत ना पड़े। आप काम करना चाहोगे हॉर्मोन पे, पेल्विक मसल्स पे और आपके मेंटल हेल्थ पे एंड मतलब कि वो ब्लड फ्लो कैसे हो रहा है। मैं यह नहीं बोलूंगा
(11:46) कि टडालफिल स्टॉप कर दीजिए। बट मैं बोलूंगा कि आप इट्स ऑलमोस्ट लाइक हैविंग एन एग्जिट प्लान कि आप स्टार्ट करो। कोई बात नहीं। यू हैव रेगुलर सेक्स ताकि आदत बने। मतलब एक होता है ना कि आप कोई बच्चे को ट्रेनिंग मॉड्यूल देते हो कि हां ठीक है ऐसे करते रहो जब तक हम लोग इससे बाहर नहीं निकलते। अच्छा अगर ये मेडिसिन ना देनी हो हम हमें किसी को तो आप हम क्या करेंगे? अगर किसी को एडी प्रॉब्लम है, अगर वह टिडाफिल नहीं लेना चाहता है, तो उसका पहला चीज है कि ही शुड हैव एन इंटिमेट पार्टनर हु ही कैन बी इंटिमेट विद एंड हैव [नाक से की जाने वाली आवाज़] से थेरेपी और
(12:20) वर्क ऑन ह पेल्वे मसल्स एंड वर्क ऑन इंटिमेसी विदाउट द प्रेशर ऑफ हैविंग अ वेरी फर्म इरेक्शन। हम हैविंग द प्रेशर ऑफ़ परफॉर्मिंग रियली वेल। मोस्ट वुमेन डोंट इवन ऑर्गनिज्म विथ पेनिट्रेशन। हम्। सो, इफ़ यू आर कंफर्टेबल विथ योर पार्टनर, लाइक, सेक्स डज़ंट हैव टू बिकम अ चैलेंज। लाइक, सेक्स डज़ंट हैव टू बी कि भाई आप किसी के संग 10-15 मिनट, 20 मिनट, आधा घंटा तक खाली आप पेनिट्रेशन सेक्स कर रहे हैं। इट कुड ऑल्सो बी सो मेनी अदर थिंग्स। देयर आर सो मेनी थिंग्स अवेलेबल एव्री। जैसे आप पहले जो हमारे पास सेक्स डॉक्टर्स आए हैं, तो मोस्टली लोग बोलते हैं कि अह व्हिच इज़
(12:57) व्हाई फोर प्ले एंड आउटप्ले इज़ एन इंपॉर्टेंट पार्ट ऑफ़ योर सेक्स। कि आप सेक्स से पहले यू क्रिएट सच थिंग्स। बट अह बिकॉज़ हम आज क्लीनिकली ज़्यादा डिस्कस कर रहे हैं। तो मैं अब आई वांट टू अंडरस्टैंड जैसे ये जो मेंस की प्रॉब्लम्स हैं इसमें क्लीनिकली व्हेन यू हैव टू स्टडी अ प्रॉब्लम। अब जैसे मेन की कोई भी इशू आता है तो आप क्लीनिकली उसको कैसे पढ़ते हैं? आई वांट टू अंडरस्टैंड दैट। सो से फॉर एग्जांपल अगर मेरे पास कोई पर्सन आएगा विथ अ सेक्सुअल प्रॉब्लम अ इडी प्रॉब्लम तो सबसे पहले मैं उसका डायग्नोस्टिक टेस्ट कराऊंगा। ओके। मेरे
(13:30) लिए चार पांच टेस्ट बहुत इंपॉर्टेंट है। नंबर वन टोटल टेस्टोस्टरॉन। नंबर टू फ्री टेस्टोस्टरॉन। नंबर थ्री एस्ट्रोजन। नंबर फोर एसएचबीजी व्हिच इज द सेक्स हॉर्मोन बाइंडिंग ग्लोबुलिन। जो कितना टेस्टोस्टरॉन बॉडी अवेलेबल है बॉडी में वो देखता है। एंड द फिफ्थ इज़ आपका एलएच एंड एफएसएच। मतलब बेसिकली एलएच इज़ द लटनाइजिंग हॉर्मोन है। एफएसएच इज़ अ फॉलिकल स्टिमुलेटिंग हॉर्मोन। नाउ यू माइट थिंक कि ये फीमेल हॉर्मोन है बट ये मेल्स में भी होता है। ये आपके स्पर्मेटोजेनेसिस को मतलब स्पर्म को प्रोड्यूस करने के लिएेंट है। तो फर्टिलिटी एंड उसके हॉर्मोनल बैलेंस को
(14:06) देखने के लिए ये मैं पांच ब्लड टेस्ट कर देखूंगा। ओके? उसके बाद क्लीनिकली विथ द हेल्प ऑफ अ इदर अ साइकेट्रिस्ट और अ साइकोलॉजिस्ट आई वुड आल्सो वांट टू अंडरस्टैंड हिज़ साइकोलॉजिकल लेवल कि व्हाई डस ही हैव इज इट अ डिजायर प्रॉब्लम? इज इट बिकॉज़ पार्टनर के संग बहुत रिजेंटमेंट है। बिकॉज़ यू वुड बी सरप्राइज सम मैन डोंट हैव अ प्रॉब्लम विद अदर वुमेन बट देयर पार्टनर्स। हम बिकॉज़ ऑफ़ बिल बिल्ट अप रिजेंडमेंट ओवर टाइम। राइट? बाहर के में कोई प्रॉब्लम नहीं है। अंदर में प्रॉब्लम है। सो दैट इज़ आल्सो समथिंग दैट आई वुड वांट टू नो। सो अपार्ट
(14:37) फ्रॉम दीज़ ब्लड टेस्ट दैट इज़ द सेकंड थिंग आई वुड डू। द थर्ड थिंग इज़ आय वुड चेक देयर पीएसए प्रॉस्टेट स्पेसिफिक एंटीजन कि अगर प्रॉस्टेट बड़ा हो गया है कि नहीं। एंड गेट अ यूएसजी होल एब्डोमेन फॉर दैट पेशेंट डन सो दैट ही कैन शो इट यू। िस्ट बिकॉज़ क्लीनिकली दोज़ आर द पैराटर्स आई वुड वांट टू सी टू जज [गला साफ़ करने की आवाज़] वेदर अ पेशेंट हैज़ अ मेडिकल इशू ऑ नॉट। ओके? राइट? ऑब्वियसली देखिए इसके बहुत एडवांस टेस्ट भी होते हैं। बिकॉज़ ये नॉर्मल आने के बाद भी अगर कोई प्रॉब्लम आता है तो उसका बहुत सारा एडवांस टेस्ट हो सकता है जो यूरोलॉजिस्ट इन्वेसिवली भी कर सकता है।
(15:10) राइट? अब इसमें जो आपने जैसे टेस्ट बताए इसमें अभी तक जितना आपने स्टडी किया है साइकोलॉजिकल फैक्टर हटा देते हैं। कौन सी चीज है जिसमें इंडियन मेन को ज्यादा प्रॉब्लम आ रही है? जो टेस्ट में आपको लो टेस्टोस्टरॉन मतलब उनका टेस्टोस्टरॉन टू एस्ट्रोजन का जो बैलेंस है वो बहुत लो है। कुछ नंबर्स देके समझा सकते हैं। लाइक फॉर एग्जांपल अगर आप टेस्टोस्टरॉन वैल्यू्यूज देखेंगे तो बहुत लार्ज रेंज होता है। मतलब अ नॉर्मल टेस्टोस्टरॉन इज बिटवीन 300 टू 900। ओके? राइट? बट [गला साफ़ करने की आवाज़] अगर आपका टेस्टोस्टरॉन टुवर्ड्स द लोअर एंड ऑफ़ 300
(15:44) है। राइट? नाउ फॉर अ 60 ईयर ओल्ड पर्सन दैट माइट बी एक्सेप्टेबल बट फॉर अ 25 ईयर ओल्ड दैट इज़ नॉट एक्सेप्टेबल। हम फॉर अ 25 टू 30 ईयर ओल्ड द टेस्टोस्ट्रोन शुड बी बिटवीन 700 हायर रेंज में होना चाहिए। 700 टू 900 बिकॉज़ लाइक आई से टेस्टोस्टरॉन मेक इट द मैन। हम आप देखेंगे कि इंडिया में टेस्टोस्टरॉन का सेल्स बहुत बढ़ गया है। बिकॉज़ आई मीन बॉडी बिल्डर्स लेते हैं अपना मसल बिल्डिंग के लिए। लेकिन टेस्टोस्टरॉन अगर आप साइको अगर फिजियोलॉजिकली देखेंगे कि टेस्टोस्ट्रॉन भरने के लिए उसके लिए भी टेस्टोस्टरॉन का रेट बहुत बढ़ गया है सेल्स। तो
(16:18) टेस्टोस्टरॉन बहुत कम है एंड एस्ट्रोजन बहुत हाई है। बिकॉज़ अगर आपके ज्यादा फैट है बॉडी में जो मॉडर्न फूड एंड अल्ट्रा प्रोसेस फूड एंड जो भी आप डाइट एंड लाइफस्टाइल बोल लीजिए। हम अगर आपके फैट ज्यादा है तो आपके बॉडी में एस्ट्रोजन ज्यादा होगा। बॉडी में एस्ट्रोजन ज्यादा होगा तो टेस्टोस्टरॉन नहीं बनेगा। और अच्छा तो आप कह रहे हो जो बॉडी फैट है वो बढ़ता रहेगा। इट इज बेसिकली इन्वर्सली प्रोपोर्शनल राइट? यस। कि जितना वो बढ़ेगा उतना वो कम हो जाएगा। आपका जितना बॉडी फैट बढ़ेगा उतना एस्ट्रोजन बढ़ेगा। जितना बॉडी फैट बढ़े नहीं जो टेस्टोस्टरॉन
(16:51) है अगर एस्ट्रोजन बढ़ेगा तो कम होगा। है ना? इनफैक्ट आधे से ज्यादा मेडिसिन जो फर्टिलिटी में मेन को दिया जाता है बिफोर प्रेगनेंसी मतलब बहुत सारे मेन एंड वुमेन जब उन लोग प्रेगनेंसी के लिए जाते हैं तो फर्टिलिटी गायनेकोलॉजिस्ट जो होते हैं वो उनको लेट्रोजोल बोल के एक दवाई देते हैं या क्लोमेड बोल के दवाई देते हैं जिससे एस्ट्रोजन ब्लॉक होता है और टेस्टोस्टरॉन अपने आप बढ़ जाता है आप कभी बॉडी बिल्डर से बात करेंगे लोग जब टेस्टोस्टरॉन का साइकिल लेते हैं बॉडी बिल्डर के लिए बॉडी बिल्डिंग के लिए तो उसके बाद एस्ट्रोजन ब्लॉकर भी लेते हैं
(17:20) बाद में फर्टिलिटी प्रिजर्व करने के लिए बिकॉज़ टेस्टोस्ट्रॉन लेने से आपका स्पम खत्म। अगर आप टेस्टोस्टरॉन लेंगे तो आपका एक बार टेंपरेरी स्पर्म खत्म हो जाएगा। बिकॉज़ आपका ऊपर से एलएच एन एफएसएच बंद हो गया तो स्पर्म बनना बंद हो जाएगा। उसके बाद आपको कोई-कोई लोगों के तो आता ही नहीं है। बट बहुत लोगों को साल 2 साल तीन साल लग जाएगा अपना फर्टिल फर्टिलिटी वापस लाने के लिए। फर्टिलिटी वापस लाने के लिए उनको एस्ट्रोजन लॉक का लेना पड़ेगा। तब जाके उनका धीरे-धीरे स्पर्ममेटोजेनेसिस वापस से स्टार्ट होगा। ओके? तो जितने भी यंग बॉडी बिल्डर्स आई वुड
(17:51) लाइक टू क्वेश्चन देम। हम्। मैं किसी को भी हम लोग जब अपने डॉक्टर्स के थ्रू टीआरटी रेकमेंडेशन जाता है, उनसे पूरे इंटरव्यू के थ्रू पूछा जाता है कि डू यू वांट टू हैव चिल्ड्रन? आपके बच्चे हो गए हैं ना? आपको ये मतलब इसमें ये कॉशंस है। इसमें ये प्रकॉशंस है। आपका प्रोस्टेट का ये प्रकॉशंस है। ऑल द प्रकॉशंस आर देयर। ओके? सो, ऑल द यंग पीपल टेकिंग टेस्टोस्टरॉन इंजेक्शंस, आई वुड हाइली एडवाइस देम टू बी वेरी वेरी कोशियस अराउंड इट। अनलेस उनको एक हाइपोगनाइडल एक्सेस का प्रॉब्लम है। जहां पे टेस्टोस्टन ओवर अ ईयर सब चीज ट्राई करने के बाद फूड, डाइट,
(18:23) एक्सरसाइज नहीं हो रहा है। तब भी उनको वो कंसीडर करना चाहिए ऑप्शन। ओके। ओके। ओके। ये बहुत सारी टर्म्स आ गई। अब इसको हम धीरे-धीरे ब्रेक डाउन करते हैं। बिल्कुल। हम हम ये कंसीडर कर रहे हैं कि समबडी हैज़ लो टेस्टोस्टरॉन। अब मैं ये जानना चाह रहा हूं कि फर्टिलिटी पे बाद में आएंगे। जिसके पास लो टेस्टोस्टरॉन है इस वक्त यूजुअली क्या मार्केट में दिया जा रहा है या लोग कंज्यूम कर रहे हैं जो कि बिल्कुल गलत है। फर्स्ट दिस जो बिल्कुल गलत है। आई थिंक टेस्टोस्टरॉन के लिए जो सबसे ज्यादा दो सबसे ज्यादा एक जो मार्केटेड प्रोडक्ट है वो शीलाजीत है।
(19:01) वो इट इज एन एब्सोल्यूट रबिश प्रोडक्ट। रियली एब्सोल्यूट रबिश प्रोडक्ट। ओके। हो गया। अब इस आईन आई एम नॉट सेइंग कि शीलाजीत खराब है। शीलाजीत फॉर टेस्टोस्टरॉन का कोई सेंस नहीं है। समझते हैं क्योंकि बहुत से लोग उसी के लिए ले रहे हैं। शीलाजीत एक मिनरल एलिमेंट है जो हिमालयज के पहाड़ से स्क्वीज़ हो के निकलता है। राइट? वो एक टार लाइक सब्सटेंस है जो पहाड़ के बीच में मिलता है। उसमें थोड़ा सा मिनरल्स है, आयरन है एंड ऑल दोस प्रोडक्ट्स कंबाइंड है। वो आपके नर्वस सिस्टम को थोड़ा सा वाइटालिटी इनक्रीस कर सकता है। बट उसका टेस्टोस्टरॉन से दूर-दूर
(19:36) तक कोई नाता नहीं है। जिनके लो टेस्टोस्टरॉन है उनको 1% टेस्टोस्टरॉन बढ़ाने से कुछ नहीं होगा। अगर आप मेटा एनालिसिस देखेंगे जितने भी शिलाजीत प्रोडक्ट्स हैं ऑल ओवर द वर्ल्ड आपका एवरेज टेस्टोस्टरॉन इनक्रीस हायर में भी टू से 5% हुआ है। मतलब अगर आपका 300 है तो 315 हो जाएगा या 400 है तो 420 हो जाएगा। दैट हैज़ नो नथिंग टू डू विथ योर सेक्सुअल फंक्शन एट ऑल। यस। अगर आप उसको मैं हमेशा बोलता हूं कि मैं कोई चीज को क्रिटिसाइज नहीं करना चाहता हूं। आप शीलाजीत को एज अ नॉर्मल वाइटालिटी प्रोडक्ट लीजिए। एज अ नॉर्मल आयेदा प्रोडक्ट लीजिए जो सेजेस
(20:09) लेते थे पहाड़ में जो सेजेस एंड मंक्स लेते थे एज अ नेचुरल पार्ट ऑफ योर फूड। अब मैं अब मैं बोल सकता हूं कि भ सोक आंड्स आपके ब्रेन के लिए अच्छे हैं। बट इसका मतलब ये तो नहीं है कि आप आईआईटी में नंबर वन रैंक आ जाओगे। दैट्स व्हाट शीलाजीत वर्सेस टेस्ट। इस वक्त शीलाजीत को अगर कोई शीलाजीत बोलते ही हैं। सबसे पहले माइंड में थॉट उसको रिलेट सेक्स से ही किया जाता है कि कोई एक सेक्स प्रोडक्ट है जिससे कि आपके कुछ सेक्स लाइफ बेटर बन जाएगी। अब्सोलुट एंड मेरे को बिल्कुल समझ में नहीं आता है। लाइक जब लोग बोलते हैं कि हां मैं शीलाजीत
(20:38) ले रहा हूं। मैं अब जिम के लिए मतलब मेरे को लगता है कि देखिए मेरे को प्रॉब्लम नहीं है। आप प्लीज परफेंस पे फर्क पड़ता है क्या? मेरे हिसाब से नहीं पड़ता है। आपका नर्वस सिस्टम बेटर हो सकता है। आपका मतलब थोड़ा सा वाइटालिटी हल्का सा डे बेटर हो सकता है। इंप्रूव हो सकता है। हल्का सा बट आई थिंक 90% इज़ प्लस। एनर्जी एनर्जी भी कुछ ऐसा नहीं है कि कि एकदम नहीं आपका नर्वस सिस्टम में थोड़ा सा वाइटैलिटी जरूर इनक्रीस होता है व्हिच हैज़ बीन शोन इन स्टडीज बट ऑनेस्टली इट विल वर्क फॉर फिटर मैन मोर देन अनहेल्ी मैन ओके लाइक अगर आप ओबीस हैं एंड आप सोचते
(21:09) हैं कि आप शीलाजीत लेके आपका कुछ बेटर होगा आई डोंट थिंक दैट विल गो गॉट इट अब लेट्स मूव टू नंबर टू शीलाजीत के अलावा लो टेस्टोस्टरॉन के लिए क्या चीज है जो बिल्कुल गलत है आई थिंक बहुत लोग अश्वगंधा एंड ये एंड्रू ह्यूमनमैन ने एक सप्लीमेंट का नाम लिया था जो अब इंडिया में बहुत फेमस हो गया वो है टोंगटली ओके वो टोंगटली कोई अर्जेंटीनियन या अमेरिकन या अफ्रीकन कोई हर्ब है जो जहां पे उन्होंने कहा था कि वो थ्री एक्स टेस्टोस्टरॉन बढ़ जाता है एब्सोल्यूट नॉनसेंस अगर आपका टेस्टोस्टरॉन जो है सब आर्टिफिशियली कोई हर्ब से इतना इनक्रीस हो
(21:41) ही नहीं सकता अगर आपका हार्मोनल एक्सेस खराब है व्हेन आई से हार्मोनल एक्सेस खराब है कभी-कभी आपका देखिए ब्रेन से सब आता है ब्रेन से हॉर्मोन प्रोड्यूस होता है राइट आपका टेस्टोस्टरॉन से भी टेस्टोस्टरॉन भी आपका जो ब्रेन में जो हाइपोथैलेमस एंड पिट्यूटरी ग्लैंड है। उसी से अल्टीमेटली फाइनली बनता है। अगर आपका वो एक्सिस खराब है उस जिसके कारण टेस्टोस्टरॉन कम है तो आपका कुछ नहीं होगा। अगर आपका नॉर्मली क्या होता है अगर आपका मान लीजिए फॉर एग्जांपल फैट ज़्यादा है एंड आपका उसके कारण एस्ट्रोजन हाई हो गया है जिसके कारण टेस्टोस्टरॉन
(22:13) ब्लॉक हो गया है एंड आपने डिसाइड किया मैं अपना फैट कम करूंगा एंड आफ्टर अ वाइल आपका फैट कम हो गया जिससे एस्ट्रोजन कम हो गया टेस्टोस्टरॉन बढ़ गया तो वो नेचुरली बढ़ सकता है। सो व्हेन यू से कि जिम में आप शीलाजीत से तो वाइटालिटी बढ़ा लो टोंगर अली से थोड़ा सा अगेन वाइटालिटी बढ़ा के जिम कर लो मसल्स बना लो तो फैट कम होने से नेचुरली वो एक अलग थॉट आ गया ना वो अलग दे नथिंग टू डू विथ एस्ट्रोजन राइट नथिंग टू डू विद वो समझ आया मुझे समझ आया सो टोंगट अली कभी भी वैसे टेस्ट नहीं बढ़ाएगा जैसे लोग सोचते हैं अगेन हेल्दी लोगों पे काम कर सकते हैं
(22:45) सेम गोज़ फॉर अश्वगंधा एज वेल सेम गोज़ फॉर तो अश्वगंधा पे जो लोग ये सोच के लेते हैं कि सेक्स बेटर हो जाएगा तो उसका उससे कुछ लेना देना नहीं है। अश्वगंधा का 700 क्लीनिकल ट्रायल का मेटा एनालिसिस हुआ है। मतलब हर जगह ट्राई होता है जब कोई क्लेम करता है तो उसका 700 क्लीनिकल ट्रायल का मेटा एनालिसिस हुआ है। उसमें भी अगर आप examin.
(23:02) com में देखेंगे व्हिच इज़ जहां पे मेडिकल लिटरेचर बहुत अच्छे से पियर रिव्यूड होता है साइंटिस्ट पे। वह मैं लिंक भी आपको दे दूंगा आप आपके ऑडियंस को देखना है तो। उसमें सी ग्रेड इंप्रूवमेंट एंड ए्जायटी है एंड नथिंग एल्स। इनफैक्ट अगर आप बहुत सारे डॉक्टर्स के हिसाब से अगर जाएं तो अश्वगंधा इज़ वेरी टॉक्सिक फॉर योर लिवर। मतलब इट इज़ नॉट समथिंग आई कैन वैलिडेड इट। बट मोस्ट आपको ट्रॉमा सर्जन्स बोलेंगे एंड लिवर डॉक्टर्स बोलेंगे कि मत लो अश्वगंधा। वो लिवर के लिए बहुत खराब है। इट्स टॉक्सिक। राइट? मैं अपने पर्सनल मदर का एग्जांपल दे सकता हूं। शी वास टेकिंग
(23:33) ऑल द राइट सप्लीमेंट्स, फूड, न्यूट्रिशन, एवरीथिंग, बट शी वास टेकिंग वन आयुर्वेदिक हर्ब व्हिच हैड अश्वगंधा इन इट। उनका लिवर में अटैक हुआ आफ्टर थ्री इयर्स बिकॉज़ ऑफ़ टेकिंग कंटीन्यूअस अश्वगंधा। एंड द मोमेंट शी स्टॉप्ड दैट। खत्म गया। राइट? जस्ट दैट इज जस्ट अ पर्सनल स्टोरी। अगेन मैं इसको क्लीनिकली आई मेडिकली वैलिडेट के हिसाब से। श्योर श्योर शो शो शो शो शोर श्योर श्योर श्योर। अब हम ऑोजिट चलते हैं। अब हमने ये मान लिया कि ये चीजें जो मार्केट में ऑलरेडी मार्केट की जाती हैं। इट डज नॉट वर्क फॉर टेस्टोस्टरॉन। क्या क्लीनिकली
(24:06) हमें समझ आता है कि टेस्टोस्टरॉन को नेचुरली बढ़ाया जा सकता है। एक तो समझ आ गया एस्ट्रोजन कम कर लो। मोटापा है तो मोटापे को कम कर लो। टेस्टोस्टरॉन बढ़ जाएगा। व्हाट एल्स? सो पहले हम लोग टेस्टोस्टरॉन का बेसिक समझते हैं। टेस्टोस्टरॉन को बनाने के लिए क्या इंग्रेडिएंट्स चाहिए? हम नेक्स्ट सेंस। आपको चाहिए प्रोटीन। हम हम आपको चाहिए हेल्दी फैट्स मतलब कोलेस्ट्रॉल। मतलब कोलेस्ट्रॉल जो हम लोग जिसको बैड कोलेस्ट्रॉल बोलते हैं। टेक्निकली इट इज वन ऑफ द सिग्नल्स जिससे टेस्टोस्टरॉन बनता है। तो आपको हेल्दी कोलेस्ट्रॉल चाहिए, प्रोटीन चाहिए। आपको अच्छा गट सिस्टम
(24:38) चाहिए। इसका मतलब फाइबर अच्छा चाहिए। आपको बॉडी में अच्छा हाइड्रेशन चाहिए एंड आपको मसल का मूवमेंट चाहिए। मसल का स्ट्रेंथ चाहिए। आपका जितना स्ट्रेंथ होगा मसल्स में, जितना कंडीशनिंग होगा मसल्स में, उतना अच्छा क्वालिटी ऑफ़ टेस्टोस्टरॉन। मसल्स हम जब बोल रहे हैं पेल्विक मसल्स बोल रहे हैं। पूरा ओवरऑल बॉडी मसल्स भी विद फोकस ऑन पेल्विक मसल्स। ओके। ठीक है? बिकॉज़ टेस्टोस्टरन तो आपके पूरे बॉडी में रहेगा। अगर आपका ये पांच इंग्रेडिएंट्स है मूवमेंट, वाटर, प्रोटीन, फाइबर एंड हेल्दी फैट्स। आपका टेस्टोस्टरॉन प्रोडक्शन नेचुरली अच्छा होगा। सो इफ समवन सेड कि
(25:10) मेरा टेस्टोस्टरॉन कम है, मैं उसको पहले यह पांच इंग्रेडिएंट्स दूंगा। इस पांच इंग्रेडिएंट्स के लिए सपोर्टिव सप्लीमेंट्स दूंगा। व्हिच इज बेसिकली विटामिन डी3, विटामिन के2 और क्रिएटीन ताकि उनको वो सप्लीमेंटेशन मिले। उस पांच चीज को एक संग काम करने के लिए। जब ये चीज के बाद भी टेस्टोस्टरॉन काम नहीं करता है। जब बाकी प्रॉब्लम्स होते हैं देन यू गो फॉर समथिंग एल्स। बट इनिशियली अगेन बिकॉज़ इस इस पांचों चीज में आपका पूरा लाइफस्टाइल आ गया। आपका स्ट्रेस एंड स्लीप साइकिल, लाइफ साइकिल आ गया, आपका मूवमेंट आ गया, आपका प्रोटीन आ गया, फाइबर आ गया, वाटर आ गया।
(25:46) हम्म। एंड जो बाकी सप्लीमेंट्स आ गया। सो इट इज इनिशियली एन ओवरऑल इंप्रूवमेंट इन योर लाइफ व्हिच विल इनक्रीज योर टेस्टोस्टरॉन बिकॉज़ आपको अगर पता होना चाहिए कि स्ट्रेस आपके डोपामिन को कम कर देता है। एंड डोपामिन एंड टेस्टोस्टरॉन डायरेक्टली लिंक्ड है। अगर आप स्ट्रेस्ड हैं। मान लीजिए कोई कुछ हो गया आपके फैमिली में। विल यू वांट टू हैव सेक्स दैट टाइम? ऑब्वियसली नॉट कोई भी हॉट लड़की आ जाए। मैं बोलता हूं कि द हॉटेस्ट गर्ल इन द वर्ल्ड आपके सामने आ जाए। अगर आपके फैमिली में नहीं होगा और इरेक्शन ही नहीं फील ही नहीं आएगा मतलब यू
(26:16) विल बी लाइक अरे भाई कोई मेरे को मारने आ रहा है। मैं थोड़ी अभी सेक्स कर सकता हूं। तो इट्स द सेम थिंग द लॉजिक इज द सेम। नाउ जस्ट इमेजिन दैट लॉजिक टू बी ऑन एवरीडे बेसिस। यू हेट योर जॉब यू हेट योर स्टडीज। यू हेट द फ्रेंड्स अराउंड यू। यू यू आर वेरी स्ट्रेस्ड अबाउट योर करियर। आपको कहीं जॉब नहीं मिल रहा है। व्हाई विल यू वांट टू हैव सेक्स? हम तो [गला साफ़ करने की आवाज़] आप कह रहे हो इसी वजह से इसी स्ट्रेस से उस टेस्टोस्टरॉन में प्रॉब्लम होता है। एंड दैट स्ट्रेस का जो वो पूरा सिग्नलिंग है ब्रेन से सेक्स में इट इज़ इट इज़ रूइनिंग द
(26:47) लेवल्स बिकॉज़ यंगस्टर्स एंड जेंजीस डोंट हैव एनी इंटेंशन एंड पर्पस एनी मोर टू डू समथिंग। राइट? तो इसके लिए आप क्या विटामिन अच्छा विटामिन आपने अभी एक बोला विटामिन डी3 विटामिन डी3 किसके लिए है? विटामिन डी3 देखिए ऐसे तो मतलब इट इज़ अ इंग्रेडिएंट फॉर टेस्टोस्टरॉन बिल्डिंग। ओके। [नाक से की जाने वाली आवाज़] बट विटामिन फॉर ऑलमोस्ट्री। मैग्नीशियम एंड विटामिन आपके बॉडी में हर बायोकेमिकल रिएक्शन के लिए चाहिए होता है। अच्छा। तो, यह जनरली भी कोई भी कंज्यूम कर सकता है। विटामिन डी3 तो मतलब आंख बंद करके विटामिन डी3 एंड B12 एंड D3 के संग K2
(27:19) K2 बिकॉज़ बिना K2 के D3 अब्सॉर्ब ही नहीं होगा बॉडी में। ओके। ओके। तो विटामिन D3, K2 का कॉम्बिनेशन एंड मैग्नीशियम। मैग्नीशियम का भी बहुत फॉर्म्स होता है बाय द वे। अच्छा। बट इन जनरल एलिमेंटली अगर बोले मैग्नीशियम एंड जिंक हम एंड B1 B6 B12 थोड़ा सा ज्यादा हो गया। हां वही मैं कह रहा हूं तो हम तो D3 से चल रहे थे। आपका D3 K2 मैग्नीशियम D3 जो ले रहा है उसको K2 के साथ लेना है। साथ लेना है। उसके बाद आ गया आपका मैग्नीशियम। मैग्नीशियम का बहुत फॉर्म्स होता है। वो डिपेंड करता है कि आपको क्या इशू है। अगर आपका गट इशू होगा तो मैं सिट्रेट दूंगा।
(27:52) स्लीप इशू है तो नहीं अभी हम उसी की बात कर रहे हैं। लो टेस्टोस्टरॉन। चलो ठीक है डिस्कस तो विटामिन डी3 के2 मैग्नीशियम एल थ्री ओयनेट मैग्नीशियम L3 L3 ओके L3 उसके बाद आपका हो गया बी कॉम्प्लेक्स बी कॉम्प्लेक्स ओके एंड उसके बाद हो गया क्रिएटिन क्रिएटिन अब ये जो आपने मुझे अभी बताया था कि जो भी हमने जैसे हमने टेस्टोस्टरॉन को डिवाइड किया था कि प्रोटीन चाहिए और ऐसे-ऐसे हमने पैरामीटर्स दिए थे। यह जो आपने मुझे बताए हैं सप्लीमेंट्स यह किस-किस चीज़ के साथ मैच कर रहे हैं? ये क्या-क्या चीज उसमें ला रहे हैं? सो लाइक फॉर एग्जांपल आपका विटामिन D3 K2 जो है
(28:28) उसका अपटेक्स से आपका मसल सिंथेसिस बेटर होगा। ओके? राइट? मैग्नीशियम से एंड क्रिएटिन से अगेन आपका मसल डेवलपमेंट बेटर होगा। हम हम एंड बी कॉम्प्लेक्स से आपका ग सिस्टम बेटर होगा। आपके पास जितना ग सिस्टम बेटर होगा उतना ब्रेन स्टेम अच्छा डोपामिन एंड लो स्ट्रेस लेवल्स करेगा। अब इस तरह से समझिए। अगर आप कोई बाहर के एनवायरमेंट से स्ट्रेस्ड हैं एंड आपका बॉडी वीक है तो आप ज्यादा बीमार फील करोगे। लेकिन अगर मैं उल्टा काम करूं आपका बॉडी को स्ट्रांग कर दूं तो बाहर का स्ट्रेस आपको कम इंपैक्ट करेगा। हम [गला साफ़ करने की आवाज़] राइट? सो से मैं जस्ट एज एन एग्जांपल बोल
(29:03) रहा हूं कि अगर आपका बॉडी बहुत स्ट्रांग है इन टर्म्स ऑफ योर मसल डेवलपमेंट इन टर्म्स ऑफ़ हाउ योर बॉडी इज़ वो आपके ब्रेन को इतना वीक फील करने नहीं देगा। अगर आपका बाहर का स्ट्रेस को तो मैं चेंज नहीं कर सकता। आपके बाहर के एनवायरमेंट श्योर तो इट इज दी ऑोजिट वे आल्सो इट्स अ टू वे स्ट्रीट राइट तो मैं गट को ठीक करके आपके ब्रेन को थोड़ा सा बेटर कर नेचुरल फूड्स क्या-क्या आते हैं नेचुरल फूड्स इन प्रोटीन लो टेस्टोस्टरॉन के लिए नेचुरल फूड्स क्या लो टेस्टोस्टरॉन के लिए अगेन अगर हम लोग प्रोटीन पे फोकस करें आई वुड से दैट हैव लीन प्रोटीनंस फॉर एग्जांपल मतलब आई वुड
(29:36) बी कॉशियस अबाउट पनीर लाइक मैं डायरेक्टली बहुत ज्यादा लैक्टोस नहीं देना चाहूंगा बट थिंग्स लाइक दही थिंग्स लाइक टपे थिंग्स लाइक सोय बेस्ड अगेन कॉशियसली लाइक टपे सोय पनीर अगर वेजिटेरियन सोर्सेस में बोले तो नॉन वेजिटेरियन सोर्सेस में बोले तो एग्स ब्रिलियंट सोर्स लाइक एग्स आर लाइक वन ऑफ़ द बेस्ट कंप्लीट फूड्स यू कैन हैव लीन चिकन लीन फिश नॉट टू फैटी बट अगर सामन फिश है तो ओमेगा थ्री के संग इवन फैटी फिश दीज़ आर द लीन सोर्सेस ऑफ़ प्रोटीन दैट यू शुड हैव इनफैक्ट मेन विद लो टेस्टोस्टरन शुड बी हैविंग 2.2 ग्राम्स ऑफ़ प्रोटीन पर आइडियल
(30:15) बॉडी वेट। सो से फॉर एग्जांपल एक 100 kg का आदमी है तो बट उसका बट उसका आइडियल वेट 70 kg है। ओके। मेरे को तो 70 kg का मसल मेंटेन करना है। 100 का नहीं करना है। 100 में तो कम होगा ही। तो 70 kg का आदमी का मसल मेंटेन करने के लिए मेरे को 70 * 2.2 ग्राम्स ऑफ़ प्रोटीन लेना है। अच्छा ये नहीं कि जिसका वेट ज्यादा है वो उसके हिसाब से इंटू 2.
(30:40) 2 करेगा। उसको 70 के हिसाब से लेना है। बिकॉज़ उतना मसल मेंटेन करना है। तो उसके हिसाब से अगर वो 2.2 ग्राम लेगा व्हिच इज़ अराउंड 150 160 ग्राम ऑफ़ प्रोटीन। उसमें अगर वो ये सारे प्रोटीन सोर्सेस में डिवाइड करेगा देन दैट विल बी समथिंग दैट विल स्टार्ट सिंथेसाइज। नॉन वेजिटेरियन में तो सोर्सेस मिल जाते हैं। वेजिटेरियन में पीपल स्ट्रगल। सो अगेन वेजिटेरियन में आई डू अग्री कि पीपल स्ट्रगल प्रैक्टिकली बट बहुत सारे चीजें आज सी वी आर लिविंग इन अ वर्ल्ड जहां पे हर चीज अवेलेबल है। आटा अवेलेबल है, कैंडी अवेलेबल है, प्रोटीन पाउडर अवेलेबल है। हर चीज अवेलेबल है। एंड इनिशियली जब आदमी
(31:13) पहला स्टेप लेता है तो दे शुड नॉट थिंक सो मच अबाउट प्रिजर्वेटिव्स एंड ऑल दैट। लाइक दैट इज़ माय पर्सनल पॉइंट ऑफ़ व्यू। यू शुड थिंक अबाउट कि कैसे मेरा प्रोटीन नीड्स पहले कंप्लीट होगा। आई एम सेइंग रीच स्टेप टू, स्टेप थ्री। जब ऐसा टाइम आ जाएगा कि आपका वो लास्ट 2 केजी बाकी है या लास्ट 2 इंच बाकी है एंड आपको अपना लाइफ को ऑप्टिमाइज करना है देन वी विल टॉक अबाउट अदर सोर्सेस ओके पहले आप बेसिक हैबिट्स उठा डालो तो हाई अभी अगर किसी को वेजिटेरियन में हाई प्रोटीन अभी शुरू करना है टेस्टोस्टरॉन की जर्नी पे जाना है कि मुझे बेटर करना है नेचुरली तो ये सप्लीमेंट्स
(31:43) हम कंज्यूम कर रहे हैं मैं आपको एक सैंपल डाइट बताता हूं बताओ ना मॉर्निंग में आप उठे मॉर्निंग में आप एक वेजिटेरियन प्रोटीन शेक ले सकते हो बहुत सारे कंपनीज़ का आता है एक फंक्शनल लैब है व्हिच आई टेक आप अराउंड 30 ग्राम्स ऑफ प्रोटीन उसमें मिल जाता है। आप उसको एक कोल्ड कॉफी बना सकते हो। जैसे मैं मिल्क नहीं लेता। मैं पानी में लेता हूं। तो यू कैन हैव इट विद वाटर एंड थोड़ा सा आप शुगर का सब्स्टट्यूट ले सकते हो। उसके संग मैं ओट्स एंड चिया सीड्स का एक छोटा बाउल लेता हूं। 3030 ग्राम का एंड उसके संग मैं एक प्रोबायोटिक जैसे एपिगामिया का जो ग्रीक
(32:15) योगर्ट आता है। उसमें तो एक फ्रूट मिला लेता हूं या कोई चिया सीड्स मिला लेता हूं। दैट इज 50-55 ग्राम सपोर्ट हम राइट देयर। उसके संग आप फिर दोपहर को जैसे मेरा खुद का एक प्रोटीन आटा का रेसिपी है जिसमें बेसिकली 1 केजी के लिए मतलब 300 ग्राम सत्तू 300 ग्राम बेसन 300 ग्राम पी प्रोटीन एंड राइस प्रोटीन ब्लेंड या तो आपका सुपर यू टाइप का जो यीस्ट प्रोटीन आटा होता है एंड 100 ग्राम खपली आटा उसका 1 केजी बनता है व्हिच मींस दैट आप 30 ग्राम का एक रोटी बनाएंगे तो उसमें 12 से 15 ग्राम रोटी प्रोटीन होगा तो वहां पे आप दो रोटी खाएंगे तो वो 30
(32:45) ग्राम प्रोटीन हो गया तो मतलब उसके संग अगर आप से टेम या उसके संग आपका सोयाबीनंस का जो चंक्स होता है या थोड़ा सा पनीर ही ले लिए 50 टू 75 ग्राम्स आपका 40 टू 50 ग्राम्स वहां हो गया तो आपका 100 ग्राम हो गया। आप शाम को थोड़ा सा चना या चाय या जो सूखा चना होता है रोस्टेड चना होता है उसके संग आप चाय या ब्लैक कॉफी या ग्रीन टी जो भी पीते पी रहे हैं। आप रात को अगेन थोड़ा सा मिलेट खिचड़ी ले सकते हैं जिसमें हाई प्रोटीन होगा। उसके संग अगेन आप कोई कबाब टाइप का बना सकते हैं जो पी प्रोटीन का होगा। जिसमें आप पी प्रोटीन एंड राइस प्रोटीन ब्लेंड डाल सकते
(33:19) हो। फ्लेवर प्रोटीन डाल सकते हो और टेक अ हाफ अ स्कूप ऑफ प्रोटीन हियर एंड देयर। यू विल रीच योर 100 150। पर यह सबके लिए अफोर्डेबल तो नहीं होगा ना? नहीं। [गला साफ़ करने की आवाज़] फिर आप अफोर्डेबल कैसे बनाएं? हेल्दी तो सबको करना है। टू बी वैरी ऑनेस्ट अगर आप वेजिटेरियन में अगर आप अफोर्डेबिलिटी में जाएंगे देन आपको मेहनत भी उतना करना पड़ेगा। बिकॉज़ दी ओनली प्रॉब्लम विथ नॉर्मल रेगुलर प्रोटीन एंड वेजिटेरियन फूड विदाउट प्रोटीन शेक इज आपको उतना कैलोरी बर्न भी करना पड़ेगा। बिकॉज़ आप नेचुरल सोर्स में कोई भी चीज लोगे तो आपका अमाउंट ऑफ कार्ब्स एंड फैट्स भी
(33:50) बढ़ जाएगा। जैसे मान लीजिए अगर आप बोलते हो आप 200 ग्राम पनीर खाओगे दिन में फॉर एग्जांपल या आप बहुत सारा मटर लोगे तो उसके संग फैट्स भी बहुत हाई आएगा। तो आपको फिर जैसे वो जो अंकित बहनपुरिया बहनपुरिया उनका अगर आप डाइट देखोगे तो बहुत हाई फैट डाइट है। लेकिन उनका मेहनत भी उतना ही हाई है। मैं आप कह रहे हो उस फैट को बर्न भी तो करना पड़ेगा। उस फैट को बंद कर ज्यादा खा ले तो पनीर को बर्न कर तो एक तरह से बोले अफोर्डेबिलिटी में आपको मेहनत ज्यादा करनी पड़ेगी हम फ़ूड फिर भी मिल सकता है। फ़ूड आपको फिर भी मिल सकता है। अगर आप वही आप प्रोटीन शेक को हटा दें तो प्रोटीन शेक
(34:23) जो आपका जो 40 ग्राम कम हुआ है या 50 ग्राम कम हुआ है। आप उसकी जगह आप वही सेम चीज को मटर, सत्तू, पनीर, चना में आप मिला सकते हो। ऐसा बात नहीं है। ओके? आप हैंम प्रोटीन भी ले सकते हो जो मतलब नॉर्मल बहुत सस्ता प्रोटीन आता है जो आप मंगा सकते हो। लेकिन बस यही डिफरेंस है कि उस प्रोटीन वैल्यू में आपका कार्ब्स एंड फैट भी ज्यादा आएगा जिससे आपको थोड़ा मेहनत भी ज्यादा करना पड़ेगा। व्हिच इज अब्सोलुटली पॉसिबल ऐसा बात नहीं है कि पॉसिबल ज्ञानपुर एग्जांपल ही तो है। मतलब वो कर भी तो रहा है वो भी बिल्कुल बेसिक लेवल से 100% एंड बिकॉज़ क्या होता है जो लोग ओबीस होते हैं
(34:56) ना उनको कैलरी डेफिसिट में रहना पड़ता है। हम व्हिच इज आल्सो अ डिफरेंट प्रोटोकॉल हमेशा नहीं रहना पड़ता है। बट फिर भी हाउ आर यू एबल टू स्पीक सो मच अबाउट सेक्स? बिकॉज़ लाइक इन द लास्ट 14 15 इयर्स हम लोग ने वी हैव डन 100्स ऑफ क्लीनिकल ट्रायल्स ऑन डिफरेंट फॉर्म ऑफ सेक्सुअल मेडिसिंस जैसे वाइग्रा हो गया टडालफिल हो गया हो गया ये हम लोग अपना क्लीनिकल ट्रायल्स करते रहते हैं एज अ क्लीनिकल ट्रायल कंपनी तो हम लोग इतना डेटा शीट्स पढ़े हैं इतने सारे पेशेंट्स का बेसिस पढ़े हैं वी आर कनेक्टेड टू सो मेनी डॉक्टर्स और यूरोलॉजिस्ट कि इट्स ऑलमोस्ट लाइक बिकम एन
(35:29) एक्सपर्ट एट इट एट सम पॉइंट बिकॉज़ आप कितना सारा डेटा कितना सारा पढ़ते जा रहे हैं 15 साल से। बिकॉज़ वियर्डली जब मैंने अपना करियर स्टार्ट किया था उस टाइम वायग्रा का पेटेंट खत्म हुआ था। हम एंड जब वायग्रा का पेटेंट खत्म हुआ था देयर वर लाइक 100्स ऑफ कंपनीज़ व्हिच वाउंडेड टू मेक वायग्रा ऑब्वियसली इट वाज़ अ ब्लॉकबस्टर ड्रग एट दैट टाइम। मेक सेंस। स्पर्म क्वालिटी के ऊपर कभी कुछ रिसर्च हुई है? हां बिल्कुल। आई आई मीन स्पर्म क्वालिटी एंड स्पर्ममेटोजेनेसिस एंड उसके उसका क्या इंपैक्ट होता है? क्या चीज का बहुत फर्क पड़ता है? लाइक स्मोकिंग इज वन ऑफ़ द
(36:03) बिगेस्ट प्रॉब्लम्स फॉर स्पर्म क्वालिटी। पहले हम आते हैं स्पर्म क्वालिटी को आप कैसे अच्छा क्या होता है? बुरा क्या होता है? सो स्पर्म क्वालिटी का बहुत सारा फिजिकल पैराटर्स होता है कि उसका वाइटालिटी क्या है? वो स्विम अच्छा कर सकता है कि नहीं? टुवर्ड्स द एग। उसके बाद उसका मॉर्फोलॉजी कैसा है? उसका टेल कैसा है? उसका स्ट्रक्चरल इंटेग्रिटी कैसा है? ये सब बेसिक चीज देखा जाता है एक रिपोर्ट में। तो कोई भी जब सीमेन देता है तो उसका वॉल्यूम कितना हुआ? उसके अंदर स्पर्म काउंट कितना है? बिकॉज़ आपके पास जितना काउंट होगा उतना चांसेस है ना
(36:31) फर्टिलिटी का। राइट? तो स्पर्म में आपका काउंट कितना है? मॉर्फोलॉजी कैसा है? उसका टेल कैसा है? उसका हेड कैसा है? कलर आल्सो कलर आई डोंट थिंक सो। ओके। उसके बाद उसका डीएनए आरएनए इंटेग्रिटी कैसा है? उसके बाद उसका क्या बोलते हैं? वाइटालिटी कितना है? तो ये सारा चीज स्पर्म में दिखा। जैसे कई बार लोग ऐसा सोचते हैं कि अगर इफ द स्पर्म इज थिन तो इट्स अ प्रॉब्लम। ऐसा होता है। स्पर्म इज थिन थिक थिन आई थिंक थिन थिक से मतलब आप फ्लूइड का क्वालिटी का बात कर रहे हैं। नहीं आई डोंट थिंक फ्लूइड का क्वालिटी से उतना फर्क पड़ता है। आई मीन अगर इंटेग्रली कोई फर्क
(37:07) पड़ता होगा तो आई एम नॉट अवेयर बट ओवरऑल ये पांच फैक्टर्स को स्पर्म रिपोर्ट में देखा जाता है। गॉट इट कि आपका वो स्विम अच्छा कर रहा है कि नहीं उसका टेल एंड हेड कैसा दिखता है? वायबल स्पर्म्स कितना है जो एक्चुअल में फर्टाइल कर सकता है एंड काउंट कितना है? गॉट इट। बट काउंट भी ना थोड़ा सा इट्स लाइक लाइक फॉर एग्जांपल अ पर्सन इन थाईलैंड का एवरेज स्पर्म काउंट आता है 2 से 3 मिलियन पर स्पेसिमेन नाउ 2 से 3 मिलियन भी इज़ इनफ फॉर फर्टिलिटी नाउ यूएस में एवरेज आता है 15 टू 20 मिलियन नाउ व्हिच इज गुड फॉर देयर फर्टिलिटी नाउ द प्रॉब्लम इज कि जो ग्लोबल
(37:45) स्टैंडर्डाइजेशंस है उसमें बोलते हैं कि भाई 10 मिलियन अबव इज गुड आप थाईलैंड में तो 2 मिलियन में भी लोग बच्चा पता कर रहे हैं। इंडिया में इंडिया में 5 टू से 5 टू 8 मिलियन के ऊपर बोलते हैं अच्छा होता है। और कितना आ कितना रहा है आजकल? मतलब आज के दिन आई थिंक अगर आप लो स्पर्म काउंट का बात करें तो बहुत जन के टू टू फाइव के बीच में आ रहा है या टू टू सिक्स के बीच में आ रहा है। आई डोंट हैव द एक्सैक्ट परसेंटेज टू बी ऑनेस्ट बट बहुत लोगों के कम आ रहा है। तो स्पर्म क्वालिटी का भी वो जो स्पर्म काउंट है ये डायग्नोस्टिक्स में थोड़ा सा एक वेरिएबल
(38:14) फैक्टर रहता है। यू नेवर नो। ओके। गॉट इट। अब आ जाते हैं कि क्या-क्या फैक्टर्स हैं जो कि स्पर्म क्वालिटी खराब करते हैं। स्मोकिंग इज वन ऑफ़ देम। आई थिंक नंबर वन इज़ स्मोकिंग। आई मीन स्मोकिंग से बस कुछ नहीं है इन केस इन टर्म्स ऑफ योर स्पर्म क्वालिटी। ओके। स्मोकिंग के बाद एवरीथिंग एल्स। आपका लाइफस्टाइल के हिसाब से आप देख लो इंप्रोपर स्लीप। [गला साफ़ करने की आवाज़] उसके बाद से अल्ट्रा प्रोसेस फूड, हाई फैट। दीज़ आर द थ्री मेन थिंग्स आई वुड से स्मोकिंग, बैड स्लीप, फूड, लेस मसल। [गला साफ़ करने की आवाज़] हम [नाक से की जाने वाली आवाज़]
(38:48) यह चार फैक्टर्स सबसेेंट है आपका स्पर्म क्वालिटी खराब करने के लिए। राइट? राइट? अब अगर कोई स्मोकिंग छोड़ नहीं पा रहा तो उसका कभी स्पर्म क्वालिटी ठीक नहीं होती। एंड देयर इज़ आल्सो समथिंग कॉल्ड अ विस्की डिक। ओ सो बेसिकली लाइक इट्स एन एक्चुअल मेडिकल टर्म लाइक विस्की डिक लाइक पीपल हु ड्रिंक अ लॉट ऑफ़ विस्की फॉर अ लॉन्ग टाइम। उनका उनका [गला साफ़ करने की आवाज़] जो पीनस साइज है वो छोटा हो जाता है। ओल् अल्कोहल से। हां। सो अल्कोहल आल्सो इंपैक्ट्स योर स्पर्म। आई फॉरगॉट टू मेंशन इट सपोज टू बी्ट। इट आल्सो अफेक्ट्स योर स्पर्म क्वालिटी बहुत हाई लेवल तक।
(39:20) तो पीनस छोटा कैसे हो जाता है? सो बेसिकली इट जस्ट श्रिंक्स इन साइज लाइक योर फ्लो योर स्ट्रक्चरल ऑफ द पीनस लाइक इट जस्ट बिकॉज़ पीनस तो छोटा ही होता है फ्लैशट फॉर्म में। ऐसा तो नहीं है कि आपका सारा टाइम इरेक्ट रहता है। तो ब्लड फ्लो कम हो जाता है वहां पे। ज्यादा अल्कोहल पीनस है। हम तो मतलब इसको इट्स एक्चुअल टर्म है। रीड ऑन इट्स कॉल्ड विस्की डिक। विस्की साउंड्स वो लाइक विस्की डिक। हां। लाइक इट्स इट्स कॉल्ड अ विस्की डिक। इट्स एन एक्चुअल थिंग। इट्स लाइक इट्स नॉट लाइक कि इट्स नॉट अ स्लैंग इट्स कॉल्ड ये है तभी मतलब या इट्स कॉल्ड अ विस्की डेक। तो बहुत लोग
(39:54) होते हैं जो विस्की का बहुत शौक रखते हैं। बट यूजुअली मोस्ट पीपल के 40 45 के बाद होता है। बट आई थिंक यंग पीपल नीड टू बी कॉशियस। हम [नाक से की जाने वाली आवाज़] बिकॉज़ ऑलरेडी जो जितना प्रॉब्लम्स आ रहे हैं मतलब ये पीछे और ऐज का जो अगर 40 प्लस है तो वो मे बी 25 तक आने में ज्यादा समय नहीं लेगा। हम अब तो सब यंग हो रहा है। लाइक आई हैव अ सो मेनी यंग डायबिटिक पेशेंट्स यू वोंट इमेजिन। लाइक 25 इयर ओल्ड डायबिटिक पेशेंट्स जिंदगी क्या जिएगा बंदा अब लेकिन बट डायबिटीज काफी हद तक बिकॉज़ ऑफ़ मॉडर्न मेडिसिंस हम बट प्रॉब्लम तो बट बट ये है ना कि मतलब
(40:27) उस उस स्टेज पर आज लोग आ रहे हैं जो कि शायद जिंदगी में कोई भी बीमारी है [गला साफ़ करने की आवाज़] मन में टेंशन तो होती है ना कि मेरे को ये है और कुछ ना कुछ प्रकॉशन्स तो लेनी पड़ेगी खुशी से खुशहाल जिंदगी किसी की चल रही है और एकदम से कुछ प्रॉब्लम आती है आई थिंक इट्स आई थिंक लाइफस्टाइल डिजीज हैज़ बिकम अ पार्ट पार्ट ऑफ पीपल नाउ हम पार्ट ऑफ पीपल यस यस यस जो बचा हुआ है मतलब वो बहुत बचा हुआ है और स्पर्म क्वालिटी जैसे हम डिस्कस कर रहे थे अ एक बहुत माइंड में आता है कि जो अ मास्टरबेट करता है वो उसका स्पर्म खराब हो जाता है खत्म हो जाता है तो आपकी रिसर्च में
(41:06) मास्टरबेशन के बारे में क्या आया है क्या मास्टरबेट कर सकते हैं सेफ होता है नहीं होता है तो कितनी बार वो सेफ होता है। व्हाट इज योर रिसर्च ऑन मास्टरबेशन? सो लेट्स क्लियर द फर्स्ट पॉइंट। इज़ मास्टरबेशन सेफ? इट इज़ एब्सोलुटली सेफ। हम जो उसका कांसेप्ट है कि लोग पोर्न से एडिक्टेड हो जाते हैं। जो अमेरिकन न्यूरोलॉजिकल एसोसिएशन का डेटा है 97% पीपल हु एक्चुअली वॉच पोर्न आर नेवर एडिक्टेड। इट इज जस्ट द टू 3% एंड वो उन लोगों का एडिक्शन होता है जिनका एडिक्शन टेंडेंसी कोई भी चीज के टुवर्ड्स है। राइट? सो मास्टरबेशन इज सेफ। नंबर वन।
(41:43) सेकंड आप कोई भी फर्टिलिटी डॉक्टर के पास जाएंगे स्पेशली जब वो बच्चा पैदा करना चाहते हैं जब प्रेगनेंसी प्लान कर रहे हैं दे आर टोल्ड टू हैव सेक्स एव्री टू थ्री डेज एंड दे आर टोल्ड टू मास्टरबेट आल्सो टू थ्री डेज बिकॉज़ आपका जो स्पर्म्स है वो भी फ्रेशली प्रोड्यूस होता है एव्री फ्यू डेज। सो देयर इज़ नो प्रॉब्लम इन मास्टरबेटिंग एव्री फ्यू डेज। नाउ द क्वेश्चन अबाउट क्या वो टेस्टोस्टरॉन बढ़ाता है? अगर आप फैप नहीं कर रहे हो या अगर आप मास्टरबेट नहीं कर रहे हो तो कोई एक रिसर्च में देखा गया कि आपका छह या सात दिन के बाद थोड़ा सा
(42:14) टेस्टोस्टरॉन बढ़ता है। लेकिन आठवें दिन के बाद वो वापस से उसी बेस लाइन में आ जाता है। तो आपको आठ दिन का इंपैक्ट अगर कोई हाई टेस्टोस्टरॉन कोई चीज के लिए चाहिए तो श्योर बट आपका टेस्टोस्टरॉन वैल्यूस में कोई फर्क नहीं पड़ता है। बिकॉज़ टेस्टोस्ट्रॉन वैल्यूस भी पीक किस एंड ट्रप्स के थ्रू जाता है। ओके? तो आपका अगर आप एज अ एथलीट हो आपको डिस्ट्रैक्शन नहीं चाहिए एंड आपको नेक्स्ट डे कोई स्पोर्ट्स में परफॉर्म करना है देन देयर इज अ होल डिबेट दैट यू कैन हैव अराउंड इट देयर आर सम पीपल हु परफॉर्म बेटर देयर आर सम पीपल हु डोंट परफॉर्म बेटर बट ओवरऑल इट
(42:44) हैज़ नथिंग टू डू विथ कि आपका टेस्टोस्टरॉन बढ़ जाएगा अगर आप फैप नहीं करोगे या आपका कोई स्पिरिचुअल एनर्जी बढ़ जाएगा दैट इज़ कंप्लीटली डिपेंडेंट ऑन पर्सन टू पर्सन राइट बट क्लीनिकली आप जो बोल रहे हैं कि अह बट अगर सर अगर हम इसकी कंसिस्टेंसी बढ़ा देते हैं। मानिए कि कोई वीक में जैसे आप बोलो सात दिन तक टेस्टोस्टरॉन में फर्क पड़ता है। दिस व्हाट यू थोड़ा सा बढ़ता है। हां थोड़ा सा बढ़ता है अगर हम नहीं करते तो नहीं करते तो राइट तो ऑब्वियसली एक कुछ मतलब होता है ना कि समथिंग इज बेटर दैन नथिंग। सो एक कुछ बेटर एक पॉइंट दिखा इसमें। सो मैं अब ये
(43:21) पूछना चाहता हूं अगर सात दिन में कोई कर रहा है तो फिर क्या फर्क पड़ता है? टेस्ट नहीं बढ़ता। मतलब खत्म हो जाता है कुछ कम हो रहा मैं वही बोल रहा हूं ऑनेस्टली जो वैल्यू से बढ़ता भी है इट इज नो इन सिग्निफिकेट गॉट इट मतलब अगर आपका 800 का 820 हो गया आपको क्या तो फर्क पड़ेगा श्योर अब अगर मैं ये कंसीडर करते जो जो ज्यादा करता है मतलब वीक में आप बोले दिन में दो बार तीन बार दिन में दो बार कर रहा है या वीक में कोई चार पांच या छह बार कर रहा है मतलब जो ज्यादा मासबेट करता है मतलब बहुत एक्सेसिव करता है हां उसका उसका क्या फर्क पड़ता है
(43:51) मेरा देखिए एक सिंपल लॉजिक है एक्सेसिव ऑफ़ एनीथिंग इज बैड राइट अगर आप एक्सेसिवली कर रहे हैं यू आर बीइंग ऑब्सेस्ड विथ समथिंग दैट यू शुड नॉट बी ऑब्सेस्ड राइट वो तो एक साइकोलॉजिकल बैरियर है। एक्सेस ऑफ़ एनीथिंग इज बैड। क्लीनिकली अगर मैं पूछूं तो क्या फर्क पड़ता होगा? क्या टेस्टोस्टरॉन में फर्क पड़ता है इससे? आई डोंट थिंक सो इससे भी नहीं पड़ता। टेस्टोस्टरॉन में कोई फर्क नहीं पड़ेगा। ओके? बिकॉज़ आप स्पर्म कितना किस रेट में निकाल रहे हैं पर डे, मतलब इनफैक्ट अगर आपका हाई स्पर्म नहीं रहेगा, यू विल नॉट फील दैट इरेक्शन और यू विल नॉट फील दैट लिबिडो टू
(44:21) हैव मास्टरबेट इन द फर्स्ट प्लेस। हम सो अगर कोई ऐसे रेगुलरली कर भी रहा है, सो दैट मींस दैट दे हैव अ हेल्दी टेस्टोस्ट्रोनॉन दैट इज नॉट वन ऑफ द रीज़ंस व्हाई टेस्टोस्टरॉन कम होगा। दैट इज माय पर्सनल पॉइंट ऑफ व्यू। क्या प्रॉब्लम आ सकता है? अगर आप आप देखिए बहुत ज्यादा ओवरस्टिमुलेट कर रहे हैं अपने आपको तो स्ट्रक्चरली प्रॉब्लम्स आ सकता है। आई मीन थिंक अबाउट इट। आप अगर मास्टरबेट कर रहे हो। यू आर स्ट्रक्चरली हैविंग सेक्स विथ योरसेल्फ हम इन ऑलवेज। तो आप फिजिकली कैसे आप उसको यूज़ कर रहे हो अपने पीनेस को या किस तरह से स्ट्रोक कर रहे हो। तो उसे स्ट्रक्चरली
(44:52) अगर आप बहुत ज्यादा कर रहे हो तो उसमें क्या प्रॉब्लम आ सकता है? बिकॉज़ आप कितना बिकॉज़ जब पेनिट्रेटिव सेक्स होता है तो देयर इज़ फ्लूइडिटी देयर और देयर इज़ वहां पे वेटनेस देयर बट आप हाथ से कर रहे हो तो इट माइट नॉट बी देयर तो स्ट्रक्चरली आपका क्या हाइजीन है क्या है क्या नहीं है उससे अगर आपका स्ट्रक्चरली कोई बाद में प्रॉब्लम आ जाए तो आई एम नॉट श्योर बट यस उससे टेस्टोस्टरॉन में फर्क नहीं पड़ेगा ओके बिकॉज़ टेस्टोस्ट्रोनॉन इज़ अ हार्मोनल साइकिल थिंग आपका ब्रेन कैसे रिएक्ट करता है टू सेक्स एंड योर एनवायरमेंट राइट इन जनरल बिकॉज़ इनफैक्ट इफ यू आर फीलिंग दैट
(45:23) काइंड ऑफ़ लिबिडो ऑल डे देन योर माइंड इज क्वाइट फ्री इन सम सेंस। सो आई डोंट थिंक हॉर्मोन में फर्क पड़ेगा बट स्ट्रक्चरली क्या फर्क पड़ सकता है? एंड वो ऑब्सेसिव टेंडेंसी में क्या फर्क पड़ सकता है? दैट्स अ क्वेश्चन मार्क। श्योर श्योर। बिकॉज़ अब जितना अब बिकॉज़ मैंने जितना अपने पर्सनली अपने सर्कल में देखा है, जो ज्यादा एडिक्टेड रहा है, उसका मैंने यह देखा कि उसकी रिलेशनशिप लाइफ हैज़ सफर्ड वि देयर ओन पार्टनर्स। बिकॉज़ एक आइडियोलॉजिकली जिस फज़ में वह रहे हैं। उसकी वजह से वो जो एक्सपेक्टेशन अपने पार्टनर से कर रहे हैं जैसे जिसकी शादी
(45:59) नहीं हुई है जो जिस तरह से वो कंटेंट कंज्यूम कर रहा है मास्टरवेट कर रहा है तो इवेंचुअली आफ्टर देयर शादी जो एक्सपेक्टेशंस है वो मीट नहीं होती तो वो एक प्रेशर लड़की को भी होता है या लड़के को भी होता है जिसकी वजह से इट बिकम्स सो यस साइकोलॉजिकली व्हेन यू आर सेइंग देन साइकोलॉजिकली बहुत फर्क पड़ता है बट आई लाइक इनिशियली हम लोग ने बात किया था ना कभी-कभी उन लोग को बाहर से इरेक्शन का प्रॉब्लम नहीं होता बट अंदर से होता है बिकॉज़ एक्सपेक्टेशन मिसमैच हो गया सो दैट्स व्हाट आई एम सेइंग वो वो साइकोलॉजिकल है। फिर दैट इज़ एन एक्सपेक्टेशन।
(46:27) इट्स अ रियल प्रॉब्लम राइट। इट्स अ रियल प्रॉब्लम। मतलब इसको हम ये नहीं कह सकते कि मतलब है नहीं। इट्स अ रियल प्रॉब्लम बट इट्स अ साइकोलॉजिकल प्रॉब्लम। इट्स नॉट अ टेस्टोस्टरॉन प्रॉब्लम। हम वो डिस्टिंशन करनाेंट है। यस कि मैंने मेरे को टेस्टोस्ट्रॉन में कुछ नहीं आता जो हमने बोला। बट साइकोलॉजिकली आपकी लाइफ आगे जिसके साथ आपने रहना है। किसी के साथ तो सेटल होना ही है ना। तो वहां पर आपको वहां पे प्रॉब्लम है बिकॉज़ मेरे को मेरी पार्टनर पसंद नहीं है। बिकॉज़ वो वो सब नहीं कर सकती जो मेरे को पसंद है। कौन से क्या फर्क पड़ता है? आई थिंक मोस्ट
(46:53) लोगों को कोई फर्क नहीं पड़ता है। अगेन जिनके एडिक्शन टेंडेंसी होता है उन लोग दे बिकम ऑब्सेस्ड अगेन लाइक यू सेड कि वो एक्सपेक्टेशन बहुत ही अनरियलिस्टिक हो जाता है। दैट्स नॉट व्हाट रियल सेक्स और रियल इंटिमेसी इज। आई थिंक अ लॉट ऑफ़ पीपल लूज़ देयर पर्पस आल्सो। इनफर्टिलिटी इशू के ऊपर हम कैसे अपनी रिसर्च से इसको समझ सकते हैं। आई थिंक मेल्स में देखिए इरेक्टाइल डिस्फंक्शन एक अलग चीज होता है। इनफर्टिलिटी होता है क्वालिटी ऑफ़ स्पर्म्स के हिसाब से। तो अभी क्वालिटी ऑफ़ स्टम की बात कर चुके हैं। इडी की हम बात कर चुके हैं। राइट?
(47:22) हां। तो इनफर्टिलिटी इज़ बेसिकली अ स्पर्म क्वालिटी इशू बिकॉज़ आज के दिन तो अगर आपको इडी भी होगा तो उन लोग स्पर्म को अंदर से इन्वेसिवली निकाल सकते हैं। ओके? मतलब स्पर्मेटोजेने मतलब कोई इन्वेसिव प्रोसीजर होता है जिसके थ्रू लोग निकाल सकते हैं। तो फर्टिलिटी इशू में इडी उतना बड़ा प्रॉब्लम रहा नहीं। फर्टिलिटी इशू में तो उन लोग स्पर्म को डिराइव करके उन लोग आईयूआई कर देते हैं जो बेसिकली इंसर्ट कर देते हैं वुमेन में इन देयर मतलब थ्रू एन आईयूआई प्रोसीजर तो आई डोंट थिंक फर्टिलिटी में ईडी हैज़ बिकम एन इशू इट जस्ट द स्पर्म क्वालिटी
(47:55) ओके तो स्पर्म क्वालिटी जो हमने बात करा कि बट मुझे आप कह रहे हो स्पर्म क्वालिटी अच्छा होगा तो फिर फर्टिलिटी में इशू नहीं आएगा फिर इतने सारे लोगों को इनफर्टिलिटी प्रॉब्लम्स क्यों हो रही है इसके बावजूद भी आज भी नहीं क्योंकि आपका स्पर्म क्वालिटी अच्छा नहीं है स्मोक कर रहे हैं, ड्रिंक कर रहे हैं, इतना पार्टी कर रहे हैं। स्लीप प्रॉपर नहीं है, स्ट्रेस है। तो उससे आपका स्पर्म का इंटेग्रिटी खराब हो जाता है। हम लोगों ने बोला ना उसका स्ट्रक्चर भी देखा जाता है। उसका टेल हेड कैसा है, काउंट कैसा है। कुछ फूड है जो कि स्पर्म क्वालिटी को बेटर
(48:21) कर सकता है। जिंक जिंक। सो बेसिकली यूजुअली जब डॉक्टर्स को स्पर्म क्वालिटी बेटर करना पड़ता है तो उन लोग एक सप्लीमेंट दे उसका नाम पॉप्सन है। उसमें जैसे जिंक, एलकारनेटिन, एलसिटलन मतलब आपका विटामिन बी12, डी3, विटामिन के2 ये सब बहुत हेल्प करता है आपका स्पर्म क्वालिटी को बेटर करने के लिए। हम अ टॉक टू मी अबाउट ईडी और हार्ट अटैक का क्या लेनदेन है? सो बेसिकली ये एक स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी में एक रिसर्च हुआ था कि बेसिकली एन एडी कैन प्रेडिक्ट अ हार्ट अटैक इन यंग पेशेंट्स। सो आपका अगेन जैसे आपका पेनस में एक या दो एमएम का आर्टरीज होता है।
(49:01) हम तो यूजुअली अगर आपका एडी के कारण ब्लड फ्लो बाहर नहीं हो रहा है। हम सो दैट इज अ सिग्नल कि आपका बड़ा आर्टरीज आल्सो हैव स्टार्टेड गेटिंग ब्लॉक्ड। बिकॉज़ इट इज़ अ सेम डिजीज। जस्ट ऑर्गन डिफरेंट है। हम तो इट इज़ अ प्रेडिक्टिव मार्कर ऑफ़ अ हार्ट अटैक। तो अगर किसी को यंग पेशेंट्स में एडी है, सो दे शुड गेट देयर हार्ट चेक। बेस्ड ऑन द स्टैंडफोर्ड यूनिवर्सिटी का गाइडलाइंस। हम बिकॉज़ [गला साफ़ करने की आवाज़] इट कुड प्रेडिक्ट अ हार्ट अटैक फोर फाइव इयर्स डाउन द लाइन। एंड दैट इज़ एन इशू। ओ तो जिसको ईडी है इवेंचुअली उसको हार्ट अटैक भी हो सकता है।
(49:32) हो सकता है। दैट्स अ प्रेडिक्टिव मार्कर। ओके। अगर ब्लड फ्लो इशू है तो। ओके। जिनको मैं बोल रहा था ना डिजायर का प्रॉब्लम नहीं है बट ब्लड फ्लो का प्रॉब्लम है। बिकॉज़ कहीं ना कहीं अगर छोटा आर्टरी ब्लॉक हो गया इसका मतलब बड़ा भी होने वाला है। हम एक मेरे सवाल का जवाब दो। मैम पर्सनल सवाल है। हम अ जैसे पहले पहले समय में हम बात करते हैं जब हमारे ऋषि होते थे। हम बोलते थे ब्रह्मचर्य का पालन करना चाहिए और एक पर्टिकुलर सेट ऑफ़ लाइफ है। आप ब्रह्मचर्य कर रहे हैं। उसके बाद आपकी शादी होती है। फिर वनप्रस्थ होता था और एक प्रोसेस होता था और एक लाइफ को बहुत अच्छा देखा जाता
(50:01) था। जब से इस इस दुनिया में हम अंडरस्टैंडिंग लेकर आए हैं या मे बी डाला गया है सोसाइटी में पोर्न कंजमशन डाला गया है तो ये मास्टरबेशन भी मास्टरबेट लोग कर रहे हैं। सो सिस्टम अगर ये बेटर था जो मास्टरबेट लोग कर ही रहे हैं। फिर लाइफ्स क्यों नहीं बेटर है? और अगर पहले के सिस्टम में लोग नहीं कर रहे थे तो वहां पे क्वालिटी ऑफ लाइफ लोगों की बेटर देखी जा रही थी। जिस तरह से पता भी चलता है कि एजुकेशन वाइज़ और एक सोसाइटी वाइज़ भी हम कितना ग्रो कर रहे थे। अभी रिसेंटली ग्रेग के ऊपर एपिसोड किया। उस वक्त हम मतलब सर्जरीज़ कर रहे थे।
(50:39) ब्रेन की सर्जरीज़ कर रहे थे। डेंटिस्ट थे, सर्जन्स थे, डैम्स बनते थे। हमारा इंडिया का जो मेटल है वो उस वक्त इतना ट्रेड होता था। इंडिया वाज़ वन ऑफ़ लीडिंग इकॉनमीज़ इन द वर्ल्ड। सो उस टाइम पे मतलब कुछ तो सही था ही जिसकी वजह से वो चीज़ फॉलो हो रही थी। सो जब ब्रह्मचारी इस तरह के कांसेप्ट्स जिसमें मास्टरबेट नहीं करना और ये सब कुछ है ये एक सोसाइटी को अच्छा बनाते हैं। इस वक्त ये जो हो रहा है अगर ये नॉर्मली ये है तो ये सोसाइटी खराब क्यों हो रही है फिर? व्हाट डू यू थिंक? अगर मैं आपको अपना पर्सनल ओपिनियन बताऊं तो दैट्स अ वैरी गुड ऑब्जरवेशन बट
(51:11) अ वेरी स्ट्रेट आंसर वुड बी आई डोंट नो बिकॉज़ एंड आई विल टेल यू व्हाई आई मीन आई डोंट नो। इज बिकॉज़ उस टाइम का लाइफ में क्या इकोसिस्टम था और आज के लाइफ में जो इकोसिस्टम जिसको कलयुग बोलते हैं इट्स सो डिफरेंट लाइक लेट मी एक्सप्लेन लाइक फॉर एग्जांपल उस टाइम एआई इंफॉर्मेशनेशन टेक्नोलॉजी एक्सपोज़र था ही नहीं लाइक आप जितना एक्सपोज़र को वो एडमम एंड ईफ का स्टोरी है ना जहां पे वो उसको बोलता है कि आप एप्पल मत खाओ बिकॉज़ आपको इतना नॉलेज आ जाएगा तो प्रॉब्लम है आई थिंक इज़ दैट प्रॉब्लम अब आपको नॉलेज आ गया हर चीज का लाइक जस्ट केस इन पॉइंट मैं
(51:48) ब्रह्मचर्य के बारे में बात नहीं कर रहा हूं। लाइक ऑल दोज़ मेन एंड वीमेन, अह ऑल दोज़ मेन दैट यू आर टॉकिंग अबाउट इन द 100 और 200 इयर्स अगो, दे डिड हैव एक्सपोज़र टू वोक वीमेन इन न्यूयॉर्क। ओर दे डिड नॉट नो हाउ ब्रिटिश सिटीज लुक लाइक। और दे डिड नॉट नो हाउ वीमेन इन बंगाल लुक लाइक और वुमेन इन द नॉर्थ लुक लाइक और वी वुमेन इन द साउथ लुक लाइक। राइट? इट वाज़ योर एक्सपोज़र वाज़ जिसको हम लोग बोलते हैं ना कि डिस्टेंस क्रश कि आपके जो क्लोजेस्ट में रहती है आपको उस पे ज्यादा क्रश होता है। राइट? राइट? बिकॉज़ यू वर क्लोज टू देम। सो यू
(52:20) व्हेन यू डिड हैव एनी एक्सपोज़र दैट इज़ ऑल यू गॉट एंड डैट यू ऑल यू वर हैप्पी विथ। यू वर हैप्पी इन योर बबल। वर हैप्पी इन योर इकोसिस्टम। सडनली यू नो हाउ वीमेन लुक लाइक इन स्कॉटलैंड, इन लंदन, इन न्यूयॉर्क, इन कैलिफोर्निया, इन दिल्ली, अब हिंज ऐप है। अब बंबल ऐप है। यू नो हाउ वीमेन लुक लाइक ऑल ओवर द वर्ल्ड। यू कैन जस्ट पुट योर लोकेशन एस समवेयर। एंड यू नो हाउ वीमेन लुक लाइक। यू नो व्हाट सेक्सुअलिटी लुक्स लाइक। पोर्न भी कंट्रीज के हिसाब से डिफाइड हो गया है। जैपनीज़ पोर्न, कोरियन पोर्न यू नो थल्लू पोर्न, इंडियन पोर्न [नाक से की जाने वाली आवाज़] लाइक यू नो।
(52:56) सो व्हाट हैज़ हैपेंड इज़ दैट यू नाउ नो सेक्सुअलिटी इन एवरीवेयर व्हिच यू नाउ वांट टू एक्सप्लोर बिकॉज़ इट इज़ द सेम कांसेप्ट एस गॉड। जब लाइक इवन बिटवीन अर्जुन एंड कृष्णा व्हेन ही सेज़ दैट यू हैव टू बी यू जब अर्जुन पूछता है कृष्णा से कि यू नो यह मेरे लोग हैं। हम लोग उसको मारे ही गिवेस हिम दैट इटरनल नॉलेज राइट। सो द मोर नॉलेज दैट वी हैव ऑफ एवरीथिंग दैट इज़ अराउंड अस द मोर योर ब्रेन ओपन्स अप एंड यू वांट टू एक्सप्लोर मोर। सो व्हाइल दैट हैज़ नेगेटिव कॉन्नोटेशंस इन सेक्स और इन टर्म्स ऑफ़ द सोसाइटी दैट वी आर मूविंग टुवर्ड्स इट इज़ आल्सो हेल्पिंग
(53:31) अस इन अदर डायरेक्शन्स। सो लार्जली द रीज़न आई से नो इज़ बिकॉज़ आई डोंट नो वेयर वी आर हेड इट। हम मेरे को नहीं पता एंड में क्या होगा। या 100 साल बाद लोग बोलेंगे कि ये 100 साल बेटर था। व्हिच इज व्हाई आई हर्ड वन ऑफ एक ओशो की वीडियो रील आ रही थी। उसमें ही सेस कि मैं बोल सकता हूं जिंदगी में ज्यादा जानो मत। हां ज्यादा जानो इज़ ब्लेस। इग्नोरेंस इज़ ब्लिस। बिकॉज़ अब बिकॉज़ ना मैं भी इस पॉडकास्टिंग जर्नी में अब मैं क्या सोचता हूं कि हर एक से अब जैसे पहले मुझे लगता था कि मतलब सब कुछ सॉर्टेड है। मतलब मुझे बहुत आता है। जितने पॉडकास्ट हो
(54:06) रहे हैं उतना मेरे को समझ आ रहा है। मैं तो बहुत ही नीचे हूं। कुछ भी नहीं पता दुनिया के बारे में। और जितना पता लग रहा है उतनी क्लेरिटी तो बेटर हो रही है बट और मैं कंफ्यूजन स्टेट में जाता हूं कि यहां पर यह है ये है। फिर मैंने ये ओशो की बात सुनी कि ज्यादा जानने की जरूरत भी नहीं है। जितना है व्हाट आई एग्री? है ना? बिकॉज़ समटाइ्स मेरे को हम लोग को इतना पढ़ना पड़ता है एंड ऐसा लगता है कि क्यों पढ़ा? मतलब नहीं जानता तो बेटर है। खुशी-खुशी अब बोलते हैं इतनी प्रॉब्लम्स के बारे में पता लग गया। ये भी टेस्ट करा लो, ये भी करा लो। नहीं पता था। खुशी से
(54:35) जी तो रहा था। जब दिक्कत आनी है तब आ ही जानी है ना। 100% आई थिंक फॉर मी मेरा आंसर आपका क्वेश्चन का यही है कि जितना आप जितना लोगों को ज्ञान दे दोगे ना उतना दे वुड वांट इट राइट अग्रवाल तो पूरा दिल्ली अग्रवालों ने ही रखा हुआ है अच्छा सो लास्ट इज़ रैपिड फायर अराउंड आई यू तो इसमें आपको बोलना है सच या झूठ क्या आप तैयार हैं डन दही रोज खाना गट के लिए काफी है ट्रू ओके सच सच नो फैब से टेस्टिस्टोन बढ़ता है। झूठ ओंपिक लेना सेफ है यंग इंडियंस के लिए। अंडर द राइट कंडीशन सच।
(55:20) ओ इसके ऊपर हमें डिस्कशन करना पड़ेगा फ्यूचर में। हम एक ड्रग जो इंडिया में ओवरहाइब्ड है जो काम नहीं करता। क्लोनाजोपम। ये क्या है? एंटी एंजायटी ड्रग। कुछ ऐसा काम नहीं करता? मतलब शॉर्ट टर्म के लिए काम करता है। लोग उसको सालों तक लेते रहते हैं। ओके। एक सप्लीमेंट जो एक्चुअली काम करता है अंडर रेटेड है। अंडर रेटेड हम क्रिएटिन जिम में यूज़ करते हैं क्या? हर जन को मतलब 18 साल से बच्चे को लेके 70 साल के बूढ़े आदमी को लेना चाहिए। ओके। रेट आउट ऑफ़ 10। एवरेज इंडियन मैन की गट हेल्थ? आउट ऑफ़ 10। कितना दोगे? फोर। एवरेज इंडियन कपल की सेक्सुअल हेल्थ?
(56:04) फाइव इंडिया की सेक्सुअल हेल्थ अवेयरनेस ओवरऑल ये तो जीरो दे देते हैं हम। टू कुछ भी नहीं है। लोग करते ही नहीं है। सो अपना एक सेक्शन है हमारा जो कि आपके एपिसोड्स के कमेंट्स हैं। उससे हमने कुछ क्वेश्चंस निकाले। सो पहला सवाल ये आता है कि मेघा पूछती हैं कि ऐसे पांच मल्टीविटामिंस क्या है जो कि हर कोई ले सकता है? पांच विटामिंस एंड मिनरल्स। हां। सो आई थिंक द फर्स्ट वुड बी डी32। द सेकंड वुड बी फॉर मी मोस्टेंट वुड बी मैग्नीशियम द थर्ड गट के लिए था ना मैग्नीशियम सब चीज के लिए है ओके उसके बाद द थर्ड वुड बी आपका ओमेगा थ्री फॉर बॉडी इनफ्लेमेशन आपका फोर्थ वुड बी
(56:45) क्रिएटिन एंड आपका फिफ्थ वुड बी विटामिन बी कॉम्प्लेक्स मिस्टर ग्रीन ये पूछ रहे हैं कि 28 साल का हूं जिम भी जाता हूं फिर भी एनर्जी जीरो रहती है ऐसा क्यों आई थिंक वो इंसुलिन रेजिस्टेंस है। उनका इंसुलिन उनको टेस्ट कराना चाहिए। ओके? वो अगर इंसुलिन टेस्ट कराएंगे दो-तीन बार दिन में तो उनको फ्लक्चुएशन समझ में आएगा। ओके? मतलब इंसुलिन की प्रॉब्लम है। अभी कह रहे हैं जो फटीग होता है वो इसलिए होता है लोगों को दोपहर में बिकॉज़ आपका जो इंसुलिन है वो बहुत हाई हो के क्रैश हो जाता है। एंड उसके कारण आपके सेल्स को एनर्जी नहीं मिलता है। तो आपको वो स्लंप फील होता है।
(57:24) कुछ-कुछ तो नेचुरल प्रोसेस भी होता है। ओके? सो एनर्जी अगर किसी को लग रहा है लो है हर चीज सीख के बाद इंसुलिन का आप टेस्ट कराइए टेस्ट कराइए ओके रिया ये पूछ रही है मेरी शादी को चार साल हो गए इंटिमेसी ऑलमोस्ट खत्म है दोनों पार्टीज की तरफ से हस्बैंड को भी प्रॉब्लम है मुझे भी क्या ये गट वाला इशू दोनों में सेम तरह होता है हम हो सकता है इनफैक्ट व्हाट इज क्वेश्चन मुझे थोड़ा समझ नहीं आया क्या होता है बहुत बार आप देखोगे कि फैमिलीज में एज इनको जो गट प्रॉब्लम है ना सबको होता है जैसे एच पाइलोरी एक बहुत कॉमन बैक्टीरिया है अगर वो तो एक जन होगा फैमिली में तो सबको
(57:58) होगा। इट इज जस्ट दैट एक जन को इंपैक्ट कर रहा है नेगेटिवली एंड बाकी जन को नेगेटिवली इंपैक्ट नहीं कर रहा है। हम एक हेलिकोबक्टर [गला साफ़ करने की आवाज़] बैक्टीरिया बोल के एक होता है कि हो सकता है आपको वो नेगेटिवली इंपैक्ट कर रहा है। आपके पूरे फैमिली को हो लेकिन उनके लिए पॉजिटिव है। हम तो ऐसा भी होता है। तो गट्स यूजली सिस्टम क्या होता है ना जब आप सेम खाना खाते हो, आप सेम एनवायरमेंट में रहते हो, आपके गट प्रॉब्लम्स बहुत सिमिलर हो जाते हैं। बिकॉज़ आप बॉडी फ्लूइड शेयर करोगे ना तो आपका माइक्रोबायोम सेम हो जाएगा कट में। इफ यू आर किसिंग और इफ यू इंटिमेट विथ ईच
(58:27) अदर इवन होल्डिंग हैंड्स लाइक योर योर बैक्टीरियल सिस्टम दैट यू शेयर विद योर पार्टनर विल बी वैरी सिमिलर सो उससे सेक्सुअलली इंटरेस्ट खत्म होता रहता है फिर नहीं इंटरेस्ट खत्म होने का बात नहीं है दैट डिपेंड्स ऑन हु इज इन्फ्लुएंसिंग हुम लाइक फॉर एग्जांपल अगर एक जिन का बहुत नेगेटिव है तो वो माइक्रोबायोम दूसरे जन को भी फैल सकता है तो दोनों का इंटरेस्ट खत्म हो सकता है। अच्छा अगर जैसे एक डिसइंटस्टेड है, एक इंटरेस्टेड है तो जो डिसइंटस्टेड है उसके आगे जो बैक्टीरियास हैं फिजिकली होने पे अगर वो ट्रांसफर हो रहे हैं तो दूसरे पे भी मे बी
(58:59) इंपैक्ट आ सकता है। एंड प्लस सोशल इंपैक्ट भी है ना क्योंकि आज अगर आपका पार्टनर इंटरेस्टेड नहीं है अनलेस आप चीट करेंगे उसके ऊपर आप तो फिर आपका भी ट्रांसफर होते हैं। दिस इज फॉर रियल हां तो किसिंग से पूरा माइक्रो ट्रांसफर होता है। आप तो शेयर कर रहे हो ना बैक्टीरिया आपका पूरा तो वो जो बैक्टीरिया इमोशंस कैरी कर रहे हैं। का मतलब 100% इनफैक्ट हम लोग में बहुत बार डिबेट्स होता है अगर आप एक साइंटिफिक कम्युनिटी में जाएंगे कि आर ह्यूमन बीइंग्स कैरिंग बैक्टीरिया और अ बैक्टीरिया कैरिंग अस सो वी आर ट्रिलियन सेल्स बट वी हैव अ ट्रिलियन ट्रिलियन
(59:31) बैक्टीरियल सेल्स तो इनफैक्ट वायरसेस भी है आपके अगर 1 ट्रिलियन बैक्टीरिया है तो इनटू 10 वायरसेस हैं तो जो वायरसेस है वो आपके बॉडी को इनफेक्ट नहीं करते हैं। आपके बैक्टीरिया को इनफेक्ट करते हैं। तो आपका बैक्टीरिया कोई भी खराब नहीं होता। हम लोग जो गुड बैक्टीरिया बैड बैक्टीरिया बोलते हैं उसको विलन बनाया जाता है अगर आप स्ट्रेस में हो। अगर आप स्ट्रेस में रहोगे तो आपका वायरस एक्टिवेट हो जाएगा जिसको बैक्टीरियो फेज बोलते हैं एंड वो आपके बैक्टीरिया को इनफेक्ट करेगा जो आपके स्टमक को इनफेक्ट करेगा। सौरभ नो फैब करने से टेस्टोस्टरॉन बढ़ता
(1:00:03) है या नहीं? स्ट्रेट आंसर चाहिए। नो फैब कम्युनिटी बोल रही है। डॉक्टर्स बोल रहे हैं नहीं। नहीं नो फैब कम्युनिटी बोल रही है। हां डॉक्टर्स बोल रहे हैं नहीं। क्लीनिकल रिस्चर हो आप। बिना मोरल लेक्चर दिए सिर्फ साइंस बता। [हंसी] 7 दिन में थोड़ा सा बढ़ेगा फिर बेस लाइन में आ जाएगा। ओवरऑल कोई फर्क नहीं पड़ेगा। राइट? ऑसम। बहुत अच्छा लगा आपसे बात करके। थैंक यू। यू आर रियली नाइस अ स्वीट। मुझे ऐसा लगता है अपने आप स्कूल या कॉलेज में चॉकलेट बाय हो गए। पता नहीं। मतलब आई वाज वै आई वास वैरी नर्डी टू बी ऑनेस्ट। बट कॉलेज में तो आई गेस।
(1:00:38) पकड़े गए। [हंसी] बट थैंक्स फॉर बीइंग हियर। थैंक यू सो मच। सच अ प्लेजर एंड बहुत मजा आया आपसे बात करके। थैंक यू सो मच फॉर सीन। टेक केयर। आज का पूरा शो देखने के लिए दिल से शुक्रिया। एपिसोड कैसा था मुझे कमेंट सेक्शन में जरूर बताइएगा। चैनल को सब्सक्राइब भी अवश्य करें क्योंकि सुपर टॉक्स एक मूवमेंट है जो हमारे देश का भविष्य उज्जवल बना रहा है।
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