Sunday, July 26, 2026

Exposing 30+ companies in 18 minutes..

Exposing 30+ companies in 18 minutes..

Author Name:Food Pharmer

Youtube Channel Url:https://www.youtube.com/@Foodpharmer

Youtube Video URL:https://www.youtube.com/watch?v=eREIfwS6Stw



Transcript:
(00:03) यह मेरे लाइफ का वन ऑफ द मोस्टेंट वीडियोस में से एक है जो मैं आज आपको सिखाऊंगा वो मैं बहुत सारे अंडर प्रिविलेज स्कूल्स और कॉलेजेस में सिखाता हूं लेकिन वो सिर्फ 100 200 लोगों को सीखने को मिलता है। तो मैंने सोचा कि क्यों ना मैं YouTube के थ्रू लाखों इंडियंस तक यह मैसेज को पहुंचाऊं। यह वीडियो में हम सिर्फ न्यूट्रिशन की बात नहीं करेंगे। हम न्यूट्रिशन के साथ-साथ मार्केटिंग की भी बात करेंगे क्योंकि अगर हमें हेल्दी खाना है, हमें यह कंपनीज का मार्केटिंग गेमिक्स भी सीखना पड़ेगा। मैंने वॉटन में एमबीए किया है और मैंने काफी मार्केटिंग सीखा
(00:37) है। तो मैं यह मार्केटिंग आपको सिखाना चाहता हूं आज। देखिए यूजुअली जब मैं वीडियो बनाता हूं तो एक कंपनी के बारे में बनाता हूं। लेकिन ये वीडियो में मैं 30 प्लस कंपनीज़ के मिसलीडिंग मार्केटिंग के बारे में बात करूंगा। तो इस वीडियो में एक नहीं 30 कंपनी से लीगल नोटिस आ सकता है। लेकिन अब मुझे उनसे डर नहीं लगता। अब उन्हें डराने का टाइम आ गया है। लॉयर्स मुझे बोलते हैं लोगोस को ब्लर करो। लेकिन मैं लोगोस ब्लर नहीं करूंगा। क्या कर लोगे? लॉयर्स मुझे बोलते हैं नूडल्स बोलो। लेकिन मैं बोलूंगा मैगी। लॉयर्स मुझे बोलते हैं एनर्जी ड्रिंक बोलो। नहीं मैं
(01:11) बोलूंगा स्टिंग एनर्जी और रेड बुल। और यह मैं बोल पा रहा हूं क्योंकि मैं इंडिया में रहता हूं और इंडिया में फ्रीडम ऑफ स्पीच अलाउड है। एंड फ्रीडम ऑफ स्पीच इंक्लूड्स द फ्रीडम टू क्रिटिसाइज। देखिए जब मैं शुरू किया था तो मुझे काफी लीगल नोटिस से डर लगता था। लेकिन आज जो भी कंपनी ये वीडियो देख रहा है उनके लिए मुझे एक मैसेज है। अगर आप मुझे लीगल नोटिस भेजोगे, मैं आपको पब्लिक में नोटिस कराऊंगा। चलिए एक्सपोज करते हैं यह कंपनीज का मार्केटिंग गेम। यह गेम का एक ही रूल है। मैं आपको एक-एक करके कुछ फोटो दिखाऊंगा और आपको गेस करना
(01:50) है वो फोटो में मार्केटिंग गेमिक कौन सा है? तो ये फोटो में सबसे कॉमन मार्केटिंग गेमिक कौन सा है? जैसे कि आप नोटिस कर सकते हैं यह तीनों ब्रांड्स ग्रीन कलर यूज करते हैं। कंपनीज़ ग्रीन कलर यूज करते हैं अपने आप को हेल्दी दिखाने के लिए क्योंकि हम ग्रीन को ट्रीज, फार्म्स, नेचर, हर्ब्स से एसोसिएट करते हैं। तो रेगुलर Maggi येलो होता है। लेकिन इनका आटा Maggi ग्रीन होता है ताकि आप उसको हेल्दी समझे। जस्ट इमेजिन अगर ये सेम प्रोडक्ट कोई और रंग के होते, तो क्या आपको तभी भी उतना ही हेल्दी लगता? देखिए मैं नहीं बोल रहा हूं कि
(02:24) ग्रीन कलर यूज करना गलत होता है। लेकिन एज अ पब्लिक आपको यह अवेयरनेस होना चाहिए कि ये ग्रीन कलर क्यों यूज कर रहे हैं। अब देखते हैं अगला मार्केटिंग गिमिक। ये फोटो में आपको कौन सा मार्केटिंग गिमिक दिख रहा है? ज्यादातर लोग बोलेंगे ये संतरे लेकिन ये तो बहुत छोटा मार्केटिंग गिमिक है। इनका असली मार्केटिंग गिमिक है ये नाम ओआरएस। इन्होंने ये ओआरएस नेम को ही ट्रेडमार्क करा लिया है। लेकिन यह कोई ओआरएस नहीं है। यह पानी और चीनी को बस मिला के ओआरएस बुला रहे हैं। और अगर आप बैक ऑफ द पैक देखेंगे यहां लिखा है नॉट एन ओआरएस। ये सेम मार्केटिंग गेमिक ये कंपनी
(03:01) भी कर रही थी कि यहां लिखा हुआ है ओआरएसएल और नीचे में लिखा हुआ है नॉट एन ओआरएस। इनफैक्ट पैक के पीछे में तो लिखा हुआ है डू नॉट यूज ड्यूरिंग डायरिया। लेकिन लोग सबसे ज्यादा डायरिया में इसे यूज करते हैं। बहुत सारे लोग यह फेक ओआरएस के खिलाफ बहुत आवाज उठाए और अब यह फाइनली फेक ओआरएस देना बंद कर दिए हैं। ये प्रोडक्ट में आपको दूर से लगेगा ओआरएस लिखा है। लेकिन अगर आप ध्यान से देखो तो रेड कलर फोंट में ये विट लिखे हैं। विट ओआरs इन्होंने जानबूझ के रेड कलर यूज़ किया है ताकि ये बैकग्राउंड से कैमोफ्लैश कर जाए और आपको सिर्फ ओआरएस दिखने में आए। देखिए कुछ लोग
(03:38) यह प्रोडक्ट सोनू सूद के फोटो के कारण खरीद लेते हैं क्योंकि सोनू सूद ने कोविड में बहुत चैरिटी किया है। देखिए सोनू सूद कैसे हैं वो मुझे नहीं पता लेकिन ये प्रोडक्ट नकली है और काफी बेकार है। देखिए रियल ओआरएस में हमेशा WHO फार्मूला लिखा होगा। यहां लिखा है WHO फार्मूला, WHO फार्मूला, WHO फार्मूला, लेकिन नकली ओआरएस में कभी भी WHO फार्मूला लिखा नहीं होगा। तो, आप अपनी फैमिली को वही ओआरएस दीजिएगा जिसमें WHO फार्मूला लिखा हुआ है। यह फोटो में तीन अलग प्रोडक्ट्स है। गेस करिए कॉमन मार्केटिंग गिमिक कौन सा है? मैं आपको बताता हूं। देखिए जब आप मूवी के
(04:16) लिए जाते हो आपको क्या खाने का मन होता है? पॉपकर्न। क्योंकि पॉपकॉर्न और मूवी इंडस्ट्री एक दूसरे के साथ एसोसिएट हो गए हैं। वैसे ही यह प्रोडक्ट्स अपने आप को एक कॉमन चीज के साथ एसोसिएट कर रहे हैं। तो कुरकुरे और यह बिस्किट दोनों अपने आप को चाय से एसोसिएट कर रहे हैं। यहां कुरकुरे का टैगलाइन है चाय टाइम मस्ती बोले तो कुरकुरे। और यह बिस्किट का भी टैगलाइन है चाय का नेचुरल पार्टनर। और थम्स अप का टैगलाइन है जब भी खाओ बिरयानी मेक इट तूफानी। ये अपने आप को बिरयानी से जोड़ने की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन ये ऐसा क्यों कर रहे हैं? मैं एक-एक करके बताता हूं
(04:50) आपको। लोग यूजुअली चिप्स महीने में एक-दो बार खाते हैं जब वो घर के बाहर कहीं किराने स्टोर में हो। लेकिन कुरकुरे कोशिश कर रहा है कि आप कुरकुरे अपने घर पे लाओ और वह जानते हैं कि आप चाय दिन में एक से दो बार से तीन बार पीते हैं। इसीलिए वो अपने आपको चाय से जोड़ने की कोशिश कर रहे हैं कि जबभी भी आप चाय पियो तो आप कुरकुरे के बारे में सोचो। आप 90% कुरकुरे का एड्स देखो। वो घर के अंदर सेटिंग में होता है। एक फैमिली होता है। एक चाय होता है। क्योंकि वो कोशिश कर रहे हैं कि आप कुरकुरे को घर के अंदर लाओ। यह सेम चीज हो रहा है बिस्किट इंडस्ट्री में। बिस्किट्स
(05:27) ने अपने आप को चाय के साथ इतना जोड़ दिया है कि आजकल हम बिस्किट के बिना चाय सोच भी नहीं सकते। और ठीक वैसे ही थम्स अप भी अपने आप को बिरयानी के साथ जोड़ने की कोशिश कर रहा है। अब आते हैं अगले मार्केटिंग गिमक में। यह फोटो में कॉमन मार्केटिंग गेम में क्या लग रहा है? ज्यादातर लोग बोलेंगे बच्चे। लेकिन ये सिर्फ बच्चे नहीं है। ये चारों बच्चे स्कूल यूनिफार्म पहने हुए हैं। ये कंपनीज़ अपने एड्स में जानबूझ के स्कूल यूनिफार्म दिखाते हैं ताकि आप इनके प्रोडक्ट्स को अपने बच्चे के स्कूल रूटीन का डेली हिस्सा बनाओ। देखिए हर एक मार्केटिंग डिपार्टमेंट का एक ही गोल होता
(06:03) है। आपको उनके प्रोडक्ट को ज्यादा फ्रीक्वेंटली कंज्यूम कराना। इसीलिए फॉर एग्जांपल नटला नॉर्मल कपड़े में बच्चे को नहीं दिखाते हैं क्योंकि अगर वो नॉर्मल कपड़े में दिखाएंगे आप उनके प्रोडक्ट अपने बच्चे को हफ्ते में एक बार दोगे लेकिन अगर वो स्कूल यूनिफार्म दिखाते हैं आप उनके प्रोडक्ट को अपने बच्चे के डेली रूटीन का हिस्सा बनाओगे और इसी तरीके से किसान जैम और नटला जो एक डेजर्ट हैं आपको कन्विंस कर लिए हैं कि आप अपने बच्चे को डेजर्ट की तरह नहीं एव्री सिंगल डे उनके प्रोडक्ट्स अब आते हैं केचअप के बारे में केचप 1990 में लोग सिर्फ फ्रेंच फ्र्राइ के साथ खाते
(06:38) थे। लेकिन आज इनके एड्स के थ्रू लोग केचप सब कुछ में मिला रहे हैं। रोटी, सब्जी, समोसा, पकोड़ा और बच्चों के टिफिन तक में केचप पहुंच गया है। क्यों? क्योंकि वो अपने एड्स में जानबूझ के बच्चों को दिखा रहे हैं रोटी और केचप खाते हुए। अगर अगली बार कोई ऐड में अगर आप बच्चों को स्कूल यूनिफार्म पहनते हुए देखोगे, याद रखिएगा यह सिर्फ एक स्ट्रेटजी है आपको ब्रेन वाश करने के लिए, यह रेगुलरली कंज्यूम करने के लिए। अब आते हैं अगले मार्केटिंग गेमिक में। यह है केॉक्स चोकोस और यह है मैगी आटा। लेकिन इसमें कॉमन मार्केटिंग गेमिक क्या है? ये
(07:15) दोनों कंपनीज़ अपने आप को रोटी से कंपेयर कर रहे हैं क्योंकि ये चाहते हैं कि आप रोटी के बदले इनका प्रोडक्ट लो। किल ऑफ चोकोस लिखता है प्रोटीन एंड फाइबर ऑफ़ वन रोटी। बट एक रोटी में कितना प्रोटीन होता है यह किसी को नहीं पता। देखिए मैं बहुत सारे अंडर प्रिविलज स्कूल्स में जाता हूं हेल्थ सिखाने के लिए और एक बार एक बहुत सैड इंसिडेंट हुआ। एक 8 साल के बच्चे ने मुझे बोला कि उसकी मदर उसको अब डिनर में रोटी नहीं देती है। वह उसे आटा मैगी देती है क्योंकि आटा मैगी में लिखा है फाइबर ऑफ थ्री रोटीज़। एक बच्चा अब रोटी नहीं खा रहा है और उसके बदले 365 डेज आटा मैगी खा रहा
(07:51) है। यह मिसलीडिंग एडवरटाइजमेंट के कारण। वो मदर बेचारी सोच रही है इसको फाइबर भी रोटी का मिल रहा है। टेस्ट भी अच्छा लग रहा है, जल्दी भी बन रहा है और उतना महंगा भी नहीं है। रोटी सब्जी क्यों नहीं आप डाल रहे हो लंच में? रोटी सब्जी में टाइम लगता है। Maggi बना दे दो मिनट फटाफट। लेकिन वो मदर को यह नहीं पता कि लॉन्ग टर्म में आटा मैगी अगर वह बच्चे को हर दिन देगी तो बच्चे पे बहुत नेगेटिव हेल्थ इंपैक्ट्स हो सकते हैं। अब आते हैं अगले मार्केटिंग गिमिक में। ये फोटो में आपको कॉमन मार्केटिंग गेमिक क्या लग रहा है? ज्यादातर लोग बोलेंगे
(08:25) सेलिब्रिटीज। लेकिन जब मैं अंडर प्रिविलेज स्कूल्स में यह टॉक करता हूं वो हमेशा मुझे बोलते हैं हीरोज़ क्योंकि वो इन्हें हीरोज़ मानते हैं। इन्हें रोल मॉडल मानते हैं और जो भी ये करते हैं वो इसे कॉपी करते हैं। तो अगर ये एक्टर्स पान मसाला बेचेंगे वो बच्चे भी पान मसाला खाएंगे। अगर ये सॉफ्ट ड्रिंक्स प्रमोट करते हैं तो वो बच्चे भी सॉफ्ट ड्रिंक्स पिएंगे। उन्हें नहीं पता कि यह एक्टर जो प्रोडक्ट्स खुद प्रमोट करते हैं, वह नहीं खाते हैं। इसीलिए मैं हमेशा एक लाइन बोलता हूं डोंट लुक एट हु इज प्रमोटिंग द प्रोडक्ट। लुक एट व्हाट इज इनाइड द
(09:00) प्रोडक्ट। लुक एट द इंग्रेडिएंट्स। आर द इंग्रेडिएंट्स गुड फॉर यू और बैड फॉर यू? वैसे मुझे यह फोटो में एक कंपनी को अप्रिशिएट करना है और वो है बूस्ट। देखिए ये कैटेगरी के सारे प्रोडक्ट्स बोलते हैं कि आपको लंबा बनाएंगे। जैसे HIX बोलते हैं आपको लंबा बनाएगा। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि BT इकलौता कंपनी है वो कैटेगरी में जो कभी नहीं बोलता है कि वो आपको लंबा बनाएगा। ऐसा क्यों? क्योंकि उनके ब्रांड एंबेसडर सचिन और सहवाग है। वो कैसे बोल सकते हैं कि वो आपको लंबा बनाएंगे। लगता है अभी लीगल नोटिस कंपनीज़ नहीं सचिन और सहवाग देंगे।
(09:33) क्या आपने कभी सोचा है कि ये प्रोडक्ट्स क्यों मार्केट करते हैं कि ये आपके बच्चे की लंबाई बढ़ा देंगे? एक ही रीजन है इनसिक्योरिटी। देखिए अगर आप कोई 5 से 13 साल के बच्चे को मिलेंगे सबसे ज्यादा वो इनसिक्योर होते हैं अपने हाइट को लेके और इसीलिए यह कंपनीज़ हमेशा मार्केट करते हैं टॉलर टॉलर टॉलर ताकि वो बच्चा ये प्रोडक्ट का ऐड को देखेगा और उन्हें भी यह प्रोडक्ट कंज्यूम करने का मन होगा। देखिए मैं भी मार्केटिंग में था पहले कोई भी फ्रंट ऑफ पैकेज में एक ही रूल होता है रिपीट व्हाटएवर द कस्टमर वांट्स टू हियर। तो एक आठ साल का बच्चे को क्या चाहिए कि वो लंबा
(10:09) बने। इसीलिए जो 8 साल के बच्चे के प्रोडक्ट्स होते हैं वो बोलते हैं टॉलर। जो प्रोडक्ट्स 20 से 30 साल वाले लोग को कैटर करते हैं वो क्या बुलाते हैं? हाई प्रोटीन। और जो प्रोडक्ट 60 70 80 वाले एज लोग को टारगेट करते हैं वो क्या मार्केट करते हैं? अश्वगंधा, नीम, आयुर्वेददा, नेचुरल। क्योंकि सब अपने टारगेट ऑडियंस को समझते हैं। बहुत सिंपल है। एक सर्वे करो 100 लोगों का अपने टारगेट ऑडियंस में और जो सबसे कॉमन रिस्पांस आया अपने फ्रंट ऑफ पैक में छाप दो। तो अब बच्चे को पूछो आपका इनसिक्योरिटी क्या है? अगर वो बोलेंगे हाइप तो यहां बोलो टॉलर बनाएंगे।
(10:46) अब आते हैं अगले मार्केटिंग गेमिक में। ये फोटो में आपको मार्केटिंग गेमिक क्या नजर आ रहा है? वो फ्रंट ऑफ पैक में लिखते हैं फ्रेश। लेकिन अगर आप पैक को टर्न अराउंड करेंगे तो लिखा है दिस इज ओनली अ ब्रांड नेम और ट्रेडमार्क एंड डस नॉट रिप्रेजेंट इट्स ट्रू नेचर। उनका नाम है फ्रेश। लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि यह फ्रेश है। एक कंपनी अपना नाम कुछ भी रख सकता है। इसका मतलब यह नहीं कि वो हेल्दी है। जैसे कि दिल्ली की आईपीएल टीम चाहे वो अपने आप को दिल्ली डेविल्स बुलाए या दिल्ली कैपिटल्स। आधा तो लास्ट ही है। एक और चीज आप नोटिस
(11:17) करिए। देखिए अगर आप यहां केयरफुली देखोगे तो एक बीटा सिंबल है। पहले ये कंपनी एक एस्टरिस साइन यूज़ करती थी। लेकिन पब्लिक को पता चल गया कि अगर कुछ एस्टेरिस्क है तो दाल में कुछ काला है। इसीलिए वो एस्टेरिस्ट को बदल के एक बीटा साइन डाल दी। क्योंकि बीटा साइन बहुत कंफ्यूजिंग है। लोगों को समझ में नहीं आता क्या है? और अब ये एक लेवल और ऊपर चले गए हैं। अब ये बीटा साइन भी यूज़ नहीं करते हैं। ये एक टोमेटो साइन यूज़ करते हैं। तो आप नोटिस करिए ये केचप के ऊपर एक टोमेटो है और ये साइड में भी एक टोमेटो बना दिया है। क्योंकि एफएस एसआई का रूल है कि एक सिंबल
(11:48) होना चाहिए। उन्होंने ये क्लेरिफाई नहीं किया कि कौन सा सिंबल तो कोई एस्ट्रिस्ट लगा रहा है, कोई बीटा साइन लगा रहा है, कोई टोमेटो सिंबल लगा रहा है। और अगर आप कोई इनोसेंट कस्टमर हो तो आप ये टोमेटो को एक डिज़ाइन का पार्ट समझोगे। जैसे यहां पे टोमेटो थे वैसे ही ये टोमेटो है। और ऐसे ही ये एमएनसीस इंडियंस को बेवकूफ बनाते हैं। और अब आते हैं अगले मार्केटिंग गेमिक में एक्ट टू बटर पॉपकॉर्न। देखिए ये पॉपकॉर्न मेरा बचपन में फेवरेट था। मुझे दिल से एक्ट टू पॉपकॉर्न बहुत पसंद था। लेकिन मैं अब रियलाइज किया कि एक्ट टू बटर लवर्स पॉपकर्न में बटर है ही नहीं। वो बटर नहीं
(12:28) यूज करते हैं। यहां आप केयरफुली देखो लिखा है बटर लवर्स फ्लेवर। आप बैक ऑफ द पैक देखो। यहां है आर्टिफिशियल बटर फ्लेवरिंग सब्सटेंस। आपको टेस्ट बटर का आएगा लेकिन इसमें बटर नहीं है। आप यहां देखो एडिबल वेजिटेबल फैट ही वो यूज़ कर रहे हैं। एसेंशियली पाम ऑयल यूज़ कर रहे हैं। बटर नहीं यूज़ कर रहे हैं। जभी भी आप फ्लेवर वर्ड देखोगे। याद रखिएगा आपको सिर्फ टेस्ट मिलेगा उसका। लेकिन उसमें जरूरी नहीं है कि वो चीज हो। फॉर एग्जांपल यहां लिखा है इलायची फ्लेवर, रोज फ्लेवर, बादाम फ्लेवर। इसमें कोई इलायची, कोई बादाम, कोई रोज नहीं है। सिर्फ फ्लेवर है। और यह सेम
(13:06) मार्केटिंग गेम में ये प्रोडक्ट भी कर रहा है। इसका नाम है किसान हज़ल नट, चोको पीनट स्प्रेड। लेकिन इसमें हज़ल नट है ही नहीं। केयरफुली देखो तो यहां हज़ल नट लिखा है। और यहां छोटे फों्ट में लिखा है कंटेन हज़ल नट फ्लेवर ओनली। मतलब कि नाम हज़ल नट लेकिन प्रोडक्ट में नो हज़ल नट। और अब आते हैं लास्ट मार्केटिंग गिमिक में ये बिस्किट्स। ये बिस्किट्स में कॉमन मार्केटिंग गिमिक क्या है? देखिए ये तीनों बिस्किट में क्रीम वर्ड यूज़ कर रहे हैं। क्रीम सैंडविचेस सैंडविच क्रीम चोको क्रीम। लेकिन क्रीम का स्पेलिंग ये थोड़ी ना होता है। क्रीम सी आर ई एम ई नहीं
(13:45) होता। सी आर ई ए एम होता है। लेकिन ये स्पेलिंग का फर्क यहां क्यों है? यह गलत स्पेलिंग इसीलिए यूज़ कर रहे हैं क्योंकि यह क्रीम है ही नहीं। क्रीम बनता है दूध से लेकिन ये क्रीम बन रहा है पाम ऑइल से। लीगली ये सही स्पेलिंग लिख ही नहीं सकते हैं। इसीलिए ये झूठी स्पेलिंग लिख रहे हैं और आपको यह पाम ऑइल वाले बिस्किट बेच रहे हैं। देखिए ये वीडियो में मैं 30 से 40 अलग कंपनीज़ को एक्सपोज किया हूं। मुझे कोई आईडिया नहीं है कि वो क्या करेंगे। अगर वो मुझे लीगली फाइट करेंगे तो मैं उन्हें वापस लीगली फाइट करूंगा। यू डोंट क्रिएट अ हेल्थ रेवोल्यूशन विदाउट मेकिंग अ फ्यू
(14:20) एनमीज़। अगर हमें इंडिया को हेल्दी बनाना है, हमें यह कंपनी से लड़ना होगा और एक हेल्दी कंट्री बनाना होगा। यूजुअली लोग ब्रांड्स को ट्रस्ट से एसोसिएट करते हैं। ब्रांड वर्ड शुरू ही हुआ था ट्रस्ट से। लेकिन सैड पार्ट ये है कि इंडिया के सबसे लीडिंग ब्रांड्स, सबसे मिसलीडिंग ब्रांड्स भी हैं। देखिए फूड मार्केटिंग में एक टग ऑफ वॉर चल रहा है। एक तरफ में आते हैं सब स्मार्टेस्ट लोग। आईआईटी ग्रेजुएट, आईआईएम ग्रेजुएट, दिल्ली यूनिवर्सिटी ग्रेजुएट, 100 मिलियन का मार्केटिंग बजट और दूसरे तरफ में है 8 साल का बच्चा। एक 8 साल का बच्चा 30 से 40 लोगों की मार्केटिंग
(14:58) डिपार्टमेंट, 100 मिलियन के बजट से कैसे लड़ सकता है? व्हॉट इस हप्पेनिंग करेंटली इज दैट द स्मार्टेस्ट एंड द रिचेस्ट पीपल ऑफ द कंट्री आर ऑन वन साइड एंड ऑन दी अदर साइड वी हेव द मोस्ट वल्नरेबल ग्रुप ऑफ पीपल इन द वर्ल्ड चिल्ड्रन दे कन नोट विन दिस टग ऑफ़ वॉर। वी नीड टू डू समथिंग डिफरेंट। वी कैन नॉट फोकस ऑन माइंडलेस कैपिटलिज्म। वी नीड टू गो टुवर्ड्स कॉन्शियस कैपिटलिजम। देर इस नो वे एन एट ईयर ओल्ड कैन विन अगेंस्ट ऑल द मार्केटिंग गिमिक्स अगेंस्ट बॉलीवुड सेलिब्रिटीज़। क्रिकेटर्स 100्स ऑफ करोड़ ऑफ फंडिंग एंड एज अ रिजल्ट ऑल किड्स टुडे आर ईटिंग जंक
(15:34) डे इन एंड डे आउट बिकॉज़ दे हैव नो चॉइस। दे आर ब्रेन वाश। इवन एडल्ट्स आर ब्रेन वाश। जंक फूड इज बैड फॉर यू। बट व्हाट इज इवन वर्स्ट फॉर यू इज जंक फूड मार्केटिंग इटसेल्फ एस हेल्दी। ये वीडियो मैं बहुत दिल से बनाया हूं। मेरी कोशिश है कि हेल्थ एक सब्जेक्ट बने हर एक स्कूल में। जैसे हम स्कूल में हिस्ट्री पढ़ते हैं, ज्योग्राफी पढ़ते हैं, मैथमेटिक्स पढ़ते हैं, वैसे ही हमें स्कूल में हेल्थ पढ़ना चाहिए। लेकिन इसमें काफी समय लग सकता है। तो इसीलिए अभी के लिए मैंने एक YouTube चैनल चालू किया है बच्चों को हेल्थ लिटरेट बनाने के लिए
(16:07) किड्स फार्मर। आप YouTube पे किड्स फार्मर या किड्स फार्मर हिंदी को फॉलो कर सकते हैं। ये एक काम हेल्थ एजुकेशन चैनल है फॉर किड्स। मेरा गोल है हर एक इंडियन बच्चे को हेल्थ रिलेटेड बनाना। ये चैनल का लिंक मेरे डिस्क्रिप्शन और पिन कमेंट में है। अगर हमें इंडिया को डायबिटीज कैपिटल ऑफ द वर्ल्ड के बदले हेल्थ कैपिटल ऑफ द वर्ल्ड बनाना है। हमें हर एक इंडियन को हेल्थ लिटरेट बनाना होगा। और मेरी एक ही होप है कि ये वीडियो हर एक गांव, हर एक स्कूल, हर एक ऑफिस में प्ले होए ताकि हर एक इंडियन हेल्थ लिटरेट बन पाए। एंड इफ यू एग्री विद
(16:39) मी, प्लीज शेयर दिस वीडियो। मैं पर्सनली इंश्योर करूंगा कि हेल्थ एक सब्जेक्ट बने इंडिया में। लेबल पड़ेगा इंडिया और स्वस्थ बनेगा इंडिया। लेट्स मेक इंडिया हेल्दी अगेन।

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